नई दिल्ली. गीतिका शर्मा खुदकुशी मामले में मुख्य आरोपी व पूर्व मंत्री गोपाल कांडा को अदालत ने पुलिस हिरासत में सौंप दिया है। इससे पहले उसका मेडिकल टेस्ट कराया गया।
मेडिकल टेस्ट के बाद पुलिस ने उसे दिल्ली की रोहिणी कोर्ट में पेश किया गया (विस्तार से यहां पढ़ें)। जहां अदालत ने उसे सात दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। हालांकि, पुलिस ने अदालत से 14 दिन की रिमांड मांगी थी। जिसके बाद कोर्ट में 45 मिनट तक बहस हुई। रिमांड के दौरान पुलिस कांडा से राज उगलवाने की कोशिश करेगी।
कांडा ने शनिवार तड़के चार बजे दिल्ली के अशोक विहार के डीसीपी ऑफिस में सरेंडर कर दिया था। इसके बाद पुलिस ने उससे इस कांड से जुड़े सवालों पर थोड़ी बहुत पूछताछ की। फिर मेडिकल जांच के बाद कोर्ट में पेशी के लिए ले गई।
कांडा के सरेंडर से पहले शुक्रवार पूरी रात ड्रामा चला। शुक्रवार रात 10.45 बजे दिल्ली पुलिस के कमिश्नर नीरज कुमार ने ट्वीट किया कि हम उसे बहुत जल्दी पकड़ लेंगे। इसके बाद अशोक विहार थाने में मीडियाकर्मियों का जमावड़ा लग गया। यह देख गोपाल का भाई गोविंद कांडा भी रात 12 बजे समर्थकों के साथ वहां पहुंच गया। उसने कहा कि कुछ ही देर में गोपाल सरेंडर करने वाला है। इसके तुरंत बाद पुलिस ने आरोपी को शरण देने के आरोप में गोविंद को हिरासत में ले लिया। साथ ही, पुलिस ने इस बात की तैयारी शुरू कर दी कि गोपाल कांडा को सरेंडर करने का मौका नहीं मिले, बल्कि उससे पहले ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाए। रात ढाई बजे खबर मिली कि गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गुड़गांव गई है। पुलिस ने दिल्ली की सभी सीमाओं पर चौकसी भी बढ़ा दी। लेकिन पुलिस अंतिम समय तक नाकाम ही रही। तड़के चार बजे गोपाल कांडा ने खुद आकर सरेंडर किया।
(फोटो: सरेंडर करने पहुंचा गोपाल कांडा)
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