नई दिल्ली. पोंटी-हरदीप चड्ढा हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने मेंं जुटी क्राइम ब्रांच अब मामले में तीन नेता और दो नौकरशाहों की भूमिका की जांच कर रही है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक मुख्य आरोपी उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग के बर्खास्त अध्यक्ष सुखदेव सिंह नामधारी के मोबाइल की कॉल डिटेल से यह खुलासा हुआ है कि वारदात के तुरंत बाद उसने तीन नेताओं और दो नौकरशाहों से बात की थी।
पुलिस फिलहाल इन नामों को लेकर चुप्पी साधे हुए है। माना जा रहा है कि ये पांच प्रभावशाली शख्स उत्तराखंड, पंजाब, दिल्ली या उत्तर प्रदेश के हो सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक इनमें से दो बीजेपी और एक कांग्रेस का है।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि कॉल डिटेल से यह पता चलता है कि शूटआउट के तुरंत बाद पोंटी को अस्पताल ले जाने से लेकर देर शाम को मामले में प्राथमिकी दर्ज कराने तक के दौरान नामधारी पांच प्रभावशाली लोगों के संपर्क में था।
यह माना जा रहा है कि सभी ने नामधारी को समय-समय पर ब्रीफिंग कर सबूत मिटाने और पुलिस को गुमराह करने की सलाह दी होगी। साथ ही घटना में प्रयुक्त पिस्तौल का पिन बदलने और वारदात का शिकायतकर्ता बनने की सलाह भी उन्हीं लोगों से ही मिली होगी। इन सभी लोगों को क्राइम ब्रांच के दफ्तर आकर अपने बयान दर्ज कराने का कहा गया है।