नई दिल्ली। बाड़ा हिंदूराव अस्पताल के बाहर अवैध कब्जे होने और दुकानदारों से रिश्वत लेकर उन्हें पनाह देने के आरोप में बुधवार को एमसीडी के लाइसेंसिंग अफसर समेत तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया।
मंगलवार और बुधवार को एमसीडी कमिश्नर व अन्य आला जोनल अधिकारियों के औचक निरीक्षण के बाद यह कार्रवाई की गई। कमिश्नर ऑफिस ने इसकी पुष्टि भी कर दी है।
बताते चलें कि बाड़ा हिंदूराव अस्पताल के ठीक सामने बीते कई महीनों से कई दुकानें अवैध रूप से चल रही थीं। इन दुकानें में चाय, काफी, दूध आदि खाने-पीने का समान बेचा जाता था। इसके अलावा, ठीक तरीके से साफ-सफाई न होने की वजह से यहां अमूमन चारों तरफ गंदगी बिखरी पड़ी रहती थी।
यही नहीं, इन दुकानों में दूषित खाने-पीने का समान भी बेचा जाता था। यही वजह है कि बीते कुछ सप्ताह में कई मरीजों और उनके रिश्तेदारों को इन दुकानों से खरीदे गए खाद्य पदार्थो का सेवन करने से फूड प्वायजनिंग हो गई थी। अस्पताल सूत्रों के मुताबिक इन्हीं अवैध दुकानों की वजह से मलकागंज और अस्पताल के बीच की सड़क में अमूमन जाम की स्थिति रहती थी।
मरीजों को अस्पताल तक ले जाने में भारी मशक्कत का सामना करना पड़ता था। एमसीडी के आला अधिकारियों को इस संबंध में लगातार शिकायतें भी मिल रही थीं। सूत्रों के मुताबिक शिकायतों के मद्देनजर ही मंगलवार को सिविल लाइन जोन के आला अधिकारियों की टीम ने छापे मारे।
इस दौरान टीम ने आरोपी अधिकारियों को दुकानदारों से रिश्वत लेते पकड़ा था। मंगलवार को अवैध कब्जे की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी भी कराई गई थी। इसके अलावा, अस्पताल के एक छोर में कई अन्य अवैध दुकानें पर भी कार्रवाई की गई थी।
बुधवार को जोनल अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर कमिश्नर ने तीनों अधिकारियों को अगले आदेश तक निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया।
देखिए! राष्ट्रपति कार्यालय तक पहुंच चुकी है इनकी बदतमीजियांये वीडियो खोलता है 'राष्ट्रपिता' की महानता के कुछ अनछुए राज
टीवी सिर्फ बिगाड़ ही नहीं रहे हैं, मरने पर भी कर रहे हैं मजबूर!
यही है वो रथ जिसपर चढ़ कर मोदी को मिली थी शानदार सफलताउधर शर्मसार हुआ देश, इधर पहली बार बजा राष्ट्रगान!