PIX: इस जादुई शिव मंत्र से पाएं ब्लड प्रेशर व दिल की बीमारियों पर काबू

आज के दौर में भौतिक सुख-सुविधाएं वक्त व दूरियां तो घटा रही हैं, किंतु मेहनत की कमी मन के साथ शरीर पर भी तरह-तरह से बुरा असर डाल रही है।
खासतौर पर भागदौड भरी ज़िंदगी से मिल रहे तनाव व दबाव से कई लोग ब्लड प्रेशर या दिल की बीमारी के शिकार हो रहें हैं। बच्चे हो या बूढ़े किसी की भी जिंदग़ी की गति को थामने वाली सेहत से जुड़ी इन बीमारियों में खोया मनोबल और इच्छाशक्ति को पाने के लिए इलाज के साथ धार्मिक उपाय भी कारगर साबित होते हैं।
शास्त्रों में हृदय रोग या ब्लड प्रेशर को काबू कर दिमागी शक्ति देने वाला और मानसिक अशांति दूर करने वाला एक अद्भुत मंत्र बताया गया है। यह मंत्र भगवान शिव के महामृत्युंजय रूप की उपासना का अंग है। शिव का यह रूप काल, रोग और भय से रक्षा करने वाला माना जाता है। यह महामृत्युंजय मंत्र का ही एक रूप है, जो चार अक्षरी महामृत्युंजय मंत्र कहलाता है। अगली स्लाइड पर पहुंच जानिए यह जादुई शिव मंत्र व जप का आसान तरीका -
यह मंत्र है - ॐ वं जू़ स: ।।
हृदय रोग या ब्लड प्रेशर से पीडि़त व्यक्ति या उसका कोई परिजन इस मंत्र का जप हर रोज या सोमवार को स्नान के बाद देवालय में शिव की पंचोपचार पूजा के साथ करे। इसमें शिव का बिल्वपत्र, रोली, चंदन, सफेद फूल, धूप, दीप अर्पित कर इस मंत्र का कम से 108 बार उच्चारण करें।
संभव न होने पर पीड़ित शयन या आराम की मुद्रा में मन ही मन गहरी आस्था और श्रद्धा के साथ जप कर सकता है। कहा भी जाता है कि दवा के साथ दुआओं का भी असर होता है। यह मंत्र इसी बात को व्यावहारिक रूप से सिद्ध करता है।







