भले ही नमक हमारे भोजन का स्वाद बढ़ाता है, लेकिन इसकी मात्रा यदि जरूरत से ज्यादा हो जाए तो सेहत बिगड़ने में ज्यादा समय भी नहीं लगता है। इसीलिए हेल्दी बने रहने के लिए खाने में नमक की मात्रा सीमित होना बहुत जरुरी है।
आपको यह जानकर भी आश्चर्य होगा कि प्राकृतिक नमक कम से कम पच्चीस प्रकार से हमारे शरीर में मौजूद होते हैं, जिसमें चूना, आयोडीन, गंधक, कैल्शियम, फास्फोरस, क्लोरीन इसके मुख्य रूप हैं। ये हमारे शरीर के लिए अत्यंत आवश्यक है।
ये नमक हमें प्राकृतिक रूप से हर तरह की हरी सब्जियों से प्राप्त होते हैं। इसलिए अप्राकृतिक बाहरी नमक का सेवन कम से कम करना चाहिए।
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