गुजरात के पुलिस लॉकअप में एनआरआई महिला से बलात्कार

अहमदाबाद। गुजरात मूल की अमेरिकी नागरिक ने अहमदाबाद पुलिस क्राइम ब्रांच के लॉकअप में खुद के साथ बलात्कार किए जाने का आरोप लगाया है।
आरोप जांच एजेंसी के पुलिस इंस्पेक्टर सहित चार लोगों पर है। वाकया 23 से 28 मई का है। इस दौरान एनआरआई महिला एक जमीन विवाद में रिमांड पर थी। 12 जुलाई को केस में जमानत मिलने के बाद शनिवार को पीडि़ता के स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज करवाने पर इसका खुलासा हुआ है। पीडि़ता ने जांच एजेंसी प्रमुख व आईपीएस अफसर पीपी पांडे व अन्य एक पर लॉकअप में निर्वस्त्र करवाने का सनसनीखेज आरोप भी लगाया है।
शिकायत में पीडि़ता ने कहा है कि लॉकअप में उसके साथ बारी-बारी से पुलिस इंस्पेक्टर सहित चार लोगों ने बलात्कार किया। बहरहाल, एनआरआई महिला के आरोप के बाद गुजरात पुलिस की कार्रवाई पर कई सवाल उठ रहे हैं। मसलन, मामले में एडिशनल डीजीपी स्तर के अधिकारी पर गंभीर आरोप हैं और जांच की निगरानी डीएसपी स्तर की अधिकारी को दी गई है। महिला के गंभीर आरोप के बाद भी पुलिस ने पीडि़ता का मेडिकल चेकअप नहीं करवाया।
पीडि़ता 1983 से अमेरिका में रहती है। गुजरात में पिता के स्वास्थ्य कारण से 2010 में वह भारत आई तब से यही है। अहमदाबाद पुलिस के जोन -5 की डीसीपी परीक्षिता राठौड को मामले का सुपरविजन सौंपा गया है। विदेशी महिला की शिकायत मेघाणीनगर पुलिस ने स्वीकार की है।









