नई दिल्ली। गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को दिल्ली में राजनीतिक दस्तक दी। दोपहर में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह मिले और शाम को पहुंचे श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स। वहां सैकड़ों की संख्या में मौजूद छात्रों से कहा, ‘भारत को स्वराज मिला, सुराज नहीं। देश अब भी गुड गवर्नेंस के इंतजार में है।’ बतौर सबूत मुख्यमंत्री रहते गुजरात की उपलब्धियां उंगलियों पर गिनाई।
भाषण में जमकर अंग्रेजी :
मोदी ने आदत के उलट अपने भाषण में अंग्रेजी शब्दों का जमकर इस्तेमाल किया। कई बार हिंदी में कही गई बातों का अंग्रेजी में अनुवाद भी करते रहे। वजह साफ थी सुनने वाले कॉलेज के छात्र-छात्रा जो थे।
इस पूरे भाषण में उन्होंने अपने जीवन से जुडी पांच कहानियां सुनाई। हर कहानी बेहद रोचक और एक खास मकसद लिए हुए थी।
मोदी के जादुई अंदाज ने हर कहानी को जीवंत और प्रभावी बना दिया। स्लाइड के साथ पढ़िए, मोदी की सुनाई वो पांच कहानियां और उनके पीछे छिपे मकसद की हकीकत।