फरीदाबाद. गैंगरेप और वेश्यावृति की शिकार एक महिला का दोषियों को सजा दिलाने के लिए किया जा रहा संघर्ष आखिरकार रंग लाया।दो माह बाद एसजीएम नगर पुलिस ने कमिश्नर के आदेश के एक बाद बाद केस दर्ज किया।पीड़िता की मदद करने वाली एक संस्था की प्रधान व उसके पति पर भी हमला हो चुका है। महिला इससे पहले करीब दो माह से चौकी के भी चक्कर लगा रही थी।
क्या है मामला
संजय कॉलोनी में रहने वाली 23 वर्षीय महिला ने एसजीएम नगर थाने में दी शिकायत में बताया कि उसके माता पिता 5/6 वर्ष पहले उसे फरीदाबाद निवासी उसकी मौसी के पास छोड़ गए थे। मौसी ने उसकी शादी सेक्टर-48 हनुमान मंदिर के पास किराए के मकान में रहने वाले एक व्यक्ति के साथ कर दी। शादी के छह महीने बाद पति अकेला छोड़कर चला गया फिर वापस नहीं लौटा।इसके बाद वह एक रबड़ फैक्ट्री में काम करने लगी। इस दौरान उससे एसजीएम नगर निवासी कैश नामक युवक मिला। उसने शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाए। कैश बार-बार घर आता था इसलिए मकान मालिक ने कमरा खाली करवा लिया।इसके बाद वह पटेल चौक के पास कमरा किराए पर लेकर रहने लगी। वहां भी कैश ने पीछा नहीं छोड़ा।
वह अक्सर गाड़ी में बैठाकर पाली पहाड़ में ले जाता।वहां कैश के साथी गुलाब, शाकिर, संजय व चुंडी ने जान से मारने की धमकी देकर उसके साथ बलात्कार किया। फिर वह महिला 22 फुट रोड पर दूसरी जगह किराए पर रहने लगी लेकिन कैश व उसके साथी धमकी देकर बलात्कार करते रहे। जब वह परेशान हो गई तो शिकायत थाना एसजीएम नगर में दी लेकिन वहां सुनवाई नहीं हुई। फिर उसने आठ जनवरी को पुलिस कमिश्नर को शिकायत दी थी।