इलाज करते समय निकल ली महिला की किडनी, शिकायत होने पर फरार दंपति

होडल. हसनपुर स्थित एक नर्सिंग होम संचालक डॉक्टर दंपती पर एक महिला की किडनी निकालने का आरोप है। पति ने हसनपुर थाने में इसकी शिकायत की है। इसके बाद पुलिस ने महिला का चेकअप कराने के लिए फरीदाबाद के बीके अस्पताल भेज दिया है। पुलिस अब मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
उधर, इस मामले के खुलासे के बाद नर्सिंग होम में ताला लगाकर डॉक्टर दंपती फरार हो गया है। पुलिस उसकी तलाश में छापामारी कर रही है।
क्या है मामला: मोहरू का नगला गांव निवासी महिला के पति इरशाद ने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि 11 अक्टूबर 2012 को उनकी पत्नी फरजाना के पेट में अचानक दर्ज होने लगा। इसके बाद उन्होंने फरीदाबाद के एक निजी अस्पताल में पत्नी का चेकअप कराया।
वहां डॉक्टर ने अल्ट्रासाउंड कर कहा कि महिला की पित्त की थैली में पथरी है। इसके बाद वह पत्नी को घर ले आए। कुछ दिन बाद जब दोबारा दर्द हुआ तो उन्होंने हसनपुर के जटौली रोड स्थित एक नर्सिंग होम में चेकअप कराया। वहां डॉक्टर दंपती ने उन्हें पित्त की थैली में पथरी बताई।
उन्होंने ऑपरेशन कराने की सलाह दी। इसके बाद उन्होंने इस नर्सिंग होम में 1 नवंबर 2012 को पत्नी का आपरेशन कराया। नौ नवंबर को वहां से पत्नी को छुट्टी दे दी गई। इसके बाद फरजाना एक शादी में शामिल होने के लिए अपने मायके यूपी के मेरठ जिले के पीपली खेड़ा गांव गई।
वहां उसे 16 जनवरी को पेट में फिर से दर्द होने लगा। इसके बाद पत्नी के पिता ने मेरठ के तोमर स्कैन सेंटर में चेकअप कराया। वहां दाईं ओर की किडऩी न होना बताया गया। इसके बाद उन्होंने पलवल के मेडी स्कैन डाइग्नोस्टिक अस्पताल में चेकअप कराया। वहां भी दाईं तरफ की किडनी न होना बताया गया।
आरोपी डॉक्टर ने की मारपीट: इरशाद के अनुसार उन्होंने इस बारे में जब नर्सिंग होम के डॉक्टर से संपर्क किया तो उन्होंने किसी दूसरी जगह अल्ट्रासाउंड कराने की बात कही। इस पर उन्होंने 23 जनवरी को फरीदाबाद के बीके अस्पताल में पत्नी का चेकअप कराया तो वहां भी डाक्टरों ने दाईं तरफ की किडनी न होना बताया।
इरशाद के अनुसार जब उन्होंने नर्सिंग होम के डॉक्टर को इस बारे में कहा तो वह उन्हें धमकाने लगा। इसके बाद उन्होंने जब पुलिस में शिकायत करने की बात कही तो डॉक्टर ने कुशक गांव निवासी कंपाउंडर के साथ मिलकर उनके साथ मारपीट की।
क्या कहना है स्वास्थ्य विभाग का: इस मामले में जब सीएमओ डॉ. रामेंद्र सिंह से बात की गई तो उन्होंने कहा कि वे चंडीगढ़ कोर्ट में हैं। इसके बाद एसएमओ डॉ. विपिन से बात की गई तो उन्होंने कहा कि विभाग को शिकायत तो नहीं मिली है लेकिन इस मामले के प्रकाश में आने के बाद जब वे नर्सिंग होम पर जांच के लिए पहुंचे तो वहां ताला लगा था। पूछताछ करने पर पता चला कि डॉक्टर दंपती फरार है।






