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रेव पार्टी के लिए होती थी चरस की तस्करी

अशोक चौहान | Dec 08, 2012, 00:09AM IST
रेव पार्टी के लिए होती थी चरस की तस्करी
शिमला .  हिमाचल से होने वाली चरस की सप्लाई हाई प्रोफाइल रेव पार्टी के लिए इस्तेमाल की जाती थी। इस चरस का कारोबार न सिर्फ गुड़गांव की रेव पार्टियों में होता था बल्कि दूसरे राज्यों में भी इसके खरीदार थे। इन पार्टियों के जरिए विदेशियों को भी इस हाई क्वालिटी चरस की महंगे दामों पर सप्लाई की जाती थी। 
 
आरोपी ने फेंक दी थी घटिया चरस
 
सीआईडी जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी संजय कुमार सिर्फ हाई क्वालिटी चरस की ही तस्करी करता था ताकि पार्टियों में ज्यादा कीमत पर इसे बेचा जा सके। गिरोह ने कुल्लू के बंजार में अपना नेटवर्क फैला रखा था। गिरोह में 40 से अधिक युवकों के शामिल होने का संदेह जताया जा रहा है।
 
इस बार भी करीब 20 किलो चरस खरीदने के लिए डील हुई थी, लेकिन आरोपी ने सप्लाई चेक करने के बाद करीब साढ़े चार किलो घटिया चरस फेंक दी। इस तरह 15 किलो 450 ग्राम चरस की कीमत ही तय की गई थी। इस सप्लाई के लिए जो तीन गाड़ियां इस्तेमाल की गई थी वह भी किराए पर ली गई थी। सीआईडी के अनुसार आरोपी संजय के पास अपनी तीन गाड़ियां है और यह करोड़ों की संपत्ति का मालिक है, हर बार चरस तस्करी के लिए प्राइवेट टैक्सियों का इस्तेमाल किया जाता था।
 
कुल्लू से होती थी सप्लाई, एक आरोपी अभी भी फरार
 
सीआईडी के अनुसार कुल्लू के बंजार क्षेत्र में इस गिरोह में और लोग भी शामिल हैं। ये लोग चरस इकट्ठा कर हर महीने इस आरोपी को बेचते थे। पुलिस गिरफ्तार किए आरोपियों से पूछताछ कर रही है कि इस गिरोह में आखिर कौन कौन लोग शामिल हैं और किन किन क्षेत्रों से चरस की सप्लाई की जाती थी। वहीं बुराह में सीआईडी की टीम को चकमा देकर फरार हुआ आरोपी ऑल्टो कार चालक नीकाराम अभी भी फरार चल रहा है। यह बिहार के वैशाली जिले का रहने वाला है। सीआईडी ने आरोपी को पकड़ने के लिए छापेमारी भी की है लेकिन इसका कोई पता नहीं चल पाया है।
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