मंडी। मंडी जिला में पहाड़ियों पर जमकर बर्फबारी होने व निचले क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश ने आम लोगों का जन-जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। पूरा जिला शीत लहर की चपेट में है। लोग घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे है। ऊंचे क्षेत्रों में हो रही बर्फवारी से बिजली, पानी व दूरसंचार व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है।
उठानी पड़ रही है परेशानी
शीत लहर व बर्फबारी से लोगों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बर्फबारी के कारण सरकारी व प्राइवेट बसों के फंसने से लोगों को अपने घरों तक पहुंचने के लिए पैदल जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। बिजली पानी तथा टेलिफोन की व्यवस्था भी बंद होने से लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
चौहारघाटी ने ओढ़ी बर्फ की सफेद चादर
चौहारघाटी व सल्गन, छोटा भंगाल, लोहारड़ी क्षेत्रों के सभी गांवों में रात भर लगातार बर्फबारी होने से पूरी चौहार घाटी में सफेद चादर ओढ़ ली है। क्षेत्र की बरोट, लोहारड़ी, बड़ागांव, कोठीकोहड़, राजबंधा, मियोट सड़कें बर्फबारी के कारण बंद पड़ी है। लोगों को 10 से 15 किलोमीटर पैदल चलना पड़ रहा है। क्षेत्र के किसान शेरसिंह फारचंद, कृष्ण, चमेल, सीता राम ने बर्फबारी को फसल के लिए लाभदायक बताया है। इससे फसल अच्छी होने की उम्मीद है।
सुंदरनगर में भी यातायात अवरुद्ध
सुंदरनगर डिपो से चलने वाली बसें कई रूटों पर चल पाई। रोहांडा क्षेत्र के अलावा रोहांडा कटेरू से होकर जाने वाले किसी भी रूट पर बसें नहीं चल पाई। बर्फबारी के चलते सुंदरनगर रिंकागपिओ, सुंदरनगर रोहांडा, सुंदरनगर आनी, सुंदरनगर करला, सुंदरनगर कटेरू, सुंदरनगर कमांद तथा सुंदरनगर से बंदली रूट पर सुंदरनगर डिपो की कोई भी बस नहीं जा पाई। बसों के न चलने से यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ा। परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक टेकचंद ने इन रूटों पर शुक्रवार को बसों के न चलने की पुष्टि करते हुए बताया कि बर्फबारी के कारण इन मार्गो पर वाहनों का आवागमन रूका है।
1 से 3 फुट बर्फबारी
जिला के विभिन्न स्थानों पर लगभग 1 से 3 फुट तक बर्फबारी हो गई है। जिला की शिकारी देवी, कमरूघाटी में सबसे ज्यादा 3 फुट तक बर्फबारी हुई है। इसके अलावा बरोट, चौहारघाटी, कोठीकोहड़, राजबंधा, छोटा भंगाल, लोहारड़ी, झंटिगंरी, पराशर जंजैहली, रोहांडा, करसोग, थुनाग, सालघाट, मगरूगल्ला, कमरूनाग, शिकारी में वीरवार शाम से ही हिमपात होने से लोग घरों में दुबकने के लिए मजबूर हो गए हैं।
मंडी में दो दर्जन बसें फंसी
पहाड़ी क्षेत्रों में कई रूटों पर जाने वाली सरकारी व प्राइवेट बसें अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पाई। वीरवार को जंजैहली, रोहांडा, करसोग रूटों पर गई बसें बर्फ में फंस जाने के कारण वापस नहीं आ पाई है। जंजैहली में 5, रोहांडा में 4, करसोग में 4 बसें एचआरटीसी की फंसी हैं। इसके अलावा ऊंचे क्षेत्रों में लगभग 1 दर्जन निजी बसें भी बर्फबारी के चलते अपने रूटों पर नहीं चल पाई है। बर्फबारी होने तक बरोट, करसोग, जंजैहली व रोहांडा रूटों पर चलने वाली बसों को भी नहीं भेजा जा रहा है।
धर्मपुर में इन रूटों पर नहीं चली बसें
क्षेत्र में सड़क मार्ग धर्मपुर सतरेहड़, धर्मपुर मठी बनवार, धर्मपुर से बरोटी वाया सरसकान, धर्मपुर से बरोटी वायां रड़ा रखेड़ा, धर्मपुर से पैहड वाया कौंसल, धर्मपुर से सरी, धर्मपुर से बिंगा, धर्मपुर से ललाणा मढ़ी, झंगी से भूर, धर्मपुर से झरेड़ा , धर्मपुर से लगेंहड़, धर्मपुर से कलस्वाई, धर्मपुर से ध्वाली वायां बरडाना, धर्मपुर से मनुधार, धर्मपुर से कोट, धर्मपुर से ततोहली परडाना, धर्मपुर से खनौड़ वायां स्योह, धर्मपुर से परयाल इत्यादि संपर्क सड़कें बाधित रही। लोगों को अपने गंतव्य तक पैदल चलकर ही जाना पड़ा। इस बारे में आरएम सरकाघाट नरेंद्र शर्मा ने बताया कि जैसे ही सड़कें ठीक होगी यातायात बहाल कर दिया जाएगा। लोनिवि के अधिशाषी अभियंता प्रकाश चंद वर्मा ने बताया कि सड़कों को मौसम बदलते ही ठीक करवा दिया जाएगा।