संता जी चले कुंभ मेले!
दिल्ली से बनारस जाने वाली एक ट्रेन में कुछ इंटेलिजेंट टाइप के लोग बैठे थे। वे लोग जोर-जोर से अंतरराष्ट्रीय स्तर की बातें कर रहे थे। ऊपर के बर्थ पर संता सोया हुआ था और उसे बहुत परेशानी हो रही थी।
बातें करते-करते एक सज्जन बोले: पहले पूंजीवाद आया और अब समाजवाद आएगा…
इतने में संता तेज से चिल्लाया: भाई साहब चाहे समाजवाद आए न आए लेकिन इलाहाबाद आए तो मुझे जगा देना।







