बिल्डर ने तोड़ा प्राचीन मंदिर, पाकिस्तानी हिंदुओं में गुस्सा
Agency
| Dec 02, 2012, 17:04PM IST
कराची. पाकिस्तान के कराची शहर में मामला कोर्ट के अधीन होने के बावजूद एक मंदिर को बिल्डर द्वारा तोड़े जाने के बाद हिंदुओं में गुस्सा है।
कराची में करीब 100 साल पुराने राम मंदिर समेत कई मकानों को बिल्डर ने जबरदस्ती ध्वस्त कर दिया। विरोध कर रहे हिंदू परिवारों पर बल प्रयोग भी किया गया।
मंदिर को तोड़े जाने के खिलाफ कोर्ट से स्टे लेने की प्रक्रिया भी चल रही थी लेकिन बिल्डर ने इसे भी नजरअंदाज कर दिया। मकान तोड़े जाने से 40 लोग बेघर हुए हैं जिनमें से अधिकतर हिंदू हैं।
मंदिर तोड़े जाने के बाद पाकिस्तानी हिंदुओं ने कराची प्रेस क्लब के बाहर विरोध प्रदर्शन भी किया।
पाकिस्तान के शहर कराची में इससे पहले भी कई मंदिर सुरक्षित संपत्ति होने के बावजूद बिल्डरों को बेच दिए गए हैं। ऐसे ही एक मामले में साल 2003 में कराची के 'निष्क्रांत ट्रस्ट संपत्ति' प्रबंधन ने एक बिल्डर को तीन लाख 65 हजार रुपये में मंदिर परिसर को तीस साल तक के लिए लीज पर दे दिया था। लीज के दस्तावेजों में संपत्ति को मंदिर भी नहीं बताया गया था।
इससे पहले सितंबर 2012 में सिंध हाईकोर्ट ने कराची पोर्ट ट्रस्ट द्वारा एक अन्य 200 साल पुराने मंदिर को तोड़े जाने पर रोक लगा दी थी।







