रांची।झारखंड की राजधानी रांची से करीब 18 किलोमीटर दूर रांची-पतरातू मार्ग पर स्थित है ऐतिहासिक पिठौरिया किला। पूरे देश की तरह झारखंड में भी कई ऐतिहासिक किले हैं, पर पिठौरिया किले की प्रसिद्धि उन सब से अलग एक शापित किले के रूप में है। इस किले के राजा ने मातृभूमि के साथ एक गद्दारी की थी। इस बात से नाराज देशभक्त शहीदों ने फांसी पर चढ़ते समय राजा को शाप दे दिया था। इसके बाद राजा का वंश तो धीरे-धीरे समाप्त हो ही गया, श्राप के प्रभाव से उसके किले पर हर साल वज्रपात होना जारी है। साल दर साल बिजली की मार खाती किले की दीवारें अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ लड़ाई में कुर्बानी देने वाले शहीदों और गद्दारों की कहानी आज भी सुना रही हैं।
अब तस्वीरों की जुबानी सुनिए गद्दारी और शहादत की कहानी...