‘मेरे नहाते की वीडियो बनाई, कैसे कह दूं वे निर्दोष हैं’

जालंधर/जम्मू।मेरे नहाते हुए की वीडियो बना ली गई। अब मुझे ही कहा जा रहा है कि युवकों के निर्दोष होने का एफिडेविट दे दूं, ताकि वे जेल से छूट सकें। यह दर्द है बस्ती दानिशमंदा की उस महिला का, जिसका 8 जुलाई को बालटाल में एमएमएस बना लिया गया। महिला बाबा के दर्शनों के बाद जालंधर तो लौट आई, लेकिन अब उस पर तरह-तरह के दबाव बनाए जा रहे हैं। यह हरकत करने वाले दो युवकों को जम्मू-कश्मीर पुलिस ने उसी दिन गिरफ्तार कर लिया था। महिला के अनुसार अब उन्हें छुड़वाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। कहा जा रहा है कि वह ऐसी कोई घटना न होने का एफिडेविट बनाकर दे। दोनों युवकों को जम्मू-कश्मीर पुलिस 23 जुलाई को अदालत में पेश करेगी। यदि एफिडेविट पेश हो जाता है, तो युवकों को छोड़ दिया जाएगा। जेएंडके पुलिस के जांच अधिकारी मंजूर आलम के अनुसार दोनों आरोपी नाबालिग हैं। मनीश कुमार (14) जालंधर के पास ही वरियाणा का रहने वाला है और तो दूसरा आरोपी जगदीश (17) होशियारपुर का।
8 जुलाई को पहुंचे थे बालटाल
पीड़ित महिला ने बताया कि वह अपने मोहल्ले के सदस्यों के साथ 8 जुलाई को बालटाल पहुंची थी। हर बार टैंट में रुकते थे। पर इस बार लंगर कमेटी में ही रुक गए। काफी थके हुए थे सभी। वह दो अन्य महिलाओं के साथ नहाने चली गई। दो महिलाएं बाहर बैठी थी और वह अंदर नहाने लगी। करीब पांच मिनट बाद आवाज सुनाई दी। देखा कि बाथरूम के पतरों में छेद था। जब वहां आंख लगाकर देखा तो लगा कोई मोबाइल से रिकार्डिग कर रहा है। जब तक कपड़े पहनकर बाहर आती, लड़के भाग चुके थे।
कमेटी वालों ने ही पकड़वाए युवक
पीड़िता के अनुसार उसने अपने साथ वालों को यह बात बताई। भक्तों ने लंगर कमेटी पर दबाव बनाया। इसके बाद ही उन्होंने उक्त युवकों को चिन्हित किया। पुलिस को भी सूचना दी गई। दोनों लड़कों को गिरफ्तार कर लिया। लड़कों ने माना है कि उन्होंने 5 मिनट 37 सेकेंड की रिकार्डिग की है।
चुप रहने का बना रहे दबाव
पीड़िता ने दैनिक भास्कर को बताया कि उसने बाबा के दर्शन तो कर लिए, लेकिन सदमे से अभी तब उबर नहीं पाई है। ट्रस्ट ने युवकों को पकड़वा तो दिया। लेकिन ऐसी कोई घटना न होने का एफिडेविट देने के लिए दबाव बना रही है। उसे धमकाया भी गया है। खुद को और युवकों को बचाने के लिए ही ट्रस्ट के पदाधिकारी पैसे मांगने के बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं। यदि उनके पास कोई सबूत हैं, तो सामने लाएं।
सीईओ से भी की है शिकायत
पीड़िता ने कहा कि उसने श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के सीईओ नवीन चौधरी से शिकायत की है। उन्होंने ट्रस्ट का लंगर लगाने का पास जल्द से जल्द रद करने का आश्वासन दिया है। वह इस मामले को राष्ट्रीय महिला आयोग में भी लेकर जाएगी।
हमारी ट्रस्ट के सदस्य नहीं
आरोप लगते ही जालंधर की ही अमरनाथ बी ट्रस्ट के पदाधिकारी बचाव की मुद्रा में आ गए हैं। पैट्रन विक्की पुरी, प्रधान भारत भूषण और महासचिव प्रवीन महाजन ने कहा कि आरोपियों का उनसे कोई लेना-देना नहीं है। वे ट्रस्ट के सदस्य नहीं और न ही कोई पहचान पत्र या आदेश पत्र उनके नाम जारी किया गया है। ट्रस्ट पदाधिकारियों ने यह भी कहा कि महिला अपने दोस्त के साथ मिलकर ट्रस्ट को ब्लैकमेल कर रही है। उसने पदाधिकारियों से 70 लाख रुपए मांगे हैं। एफिडेविट के लिए दबाव की बात भी झूठी है।
सबलो कर रही मामले की जांच
श्री अमरनाथ बर्फानी लंगर आर्गेनाइजेशन (सबलो) के प्रधान विजय ठाकुर ने बताया कि मामला उनके ध्यान में है। शुक्रवार को महासचिव राजन गुप्ता मामले की जांच करने और गिरफ्तार युवकों से बात करने बालटाल गए हैं। विजय ठाकुर का कहना है कि यदि लंगर कमेटी के किसी सेवादार ने ऐसा कृत्य किया है, तो यह शर्मनाक है। श्री अमरनाथ बर्फानी लंगर आर्गेनाइजेशन (सबलो) के प्रधान विजय ठाकुर ने बताया कि मामला उनके ध्यान में है। सबलो अपने स्तर पर जांच कर रही है। शुक्रवार को महासचिव राजन गुप्ता मामले की जांच करने और गिरफ्तार युवकों से बात करने बालटाल गए हैं। विजय ठाकुर का कहना है कि यदि लंगर कमेटी के किसी सेवादार ने ऐसा कृत्य किया है, तो यह शर्मनाक है।






