‘बहुत काम आता है संतोष’

आईंना: वीवीएस लक्ष्मण, क्रिकेटर
मेरा मन उदास होता है..
किसी खराब शॉट पर आउट होने पर मन बहुत उदास हो जाता है। मूड खराब हो जाता है। रात में नींद नहीं आती, लेकिन टीम में रहने या बाहर किए जाने से मुझे कोई खास फर्क नहीं पड़ता। इसकी वजह शायद यह है कि मुझे पता है कि अच्छा प्रदर्शन करूंगा तो टीम में फिर से वापसी हो जाएगी।
जिंदगी बदलने वाली सलाह..
एक बार पिताजी ने मुझसे कहा था, ‘तुमको संतोष रखना सीखना होगा। अगर संतोष करना नहीं सीखे, तो जीवन भर परेशान रहोगे।’ असफलता के दौर में भी पिताजी की सलाह बहुत काम आती है। इस सलाह का मेरी कामयाबी में बहुत योगदान रहा है। हालांकि प्रतिभा होने के बाद भी बहुत सारे लोग नाकाम रहते हैं। मां ने भी एक बार कहा कि हमेशा उन लोगों के साथ रहना चाहिए, जो खुश रहते हों। उनके साथ नहीं जो हमेशा निराश रहते हैं। दोनों सलाहों ने मेरी जिंदगी बदल दी।
अकेलापन सताता है..
हर इंसान के जीवन में कभी न कभी अकेलापन जरूर आता है। अगर लगातार नाकामयाबी मिल रही हो तो अकेलापन ज्यादा खलता है। जब कभी ऐसा होता है, तब किशोर कुमार के गाने सुनता हूं। कभी-कभी ड्राइव पर निकल जाता हूं।
भगवान का मतलब..
ईश्वर में पूरी आस्था रखता हूं। मुझे लगता है कि बिना उनके आशीर्वाद के कुछ भी संभव नहीं है। पिछले दिनों भगवान महाकाल के दर्शन करने उज्जैन गया था। यह मत पूछिए कि वहां क्या मन्नत मांगी? सही तो यह है कि ईश्वर ने मेरी हर मुराद पूरी की।
स्ट्रेस दूर करने के लिए..
योग मेरी मदद करता है। इसके अलावा सुबह और शाम, दोनों वक्त देर तक स्नान करके भी बहुत राहत मिलती है। घर वालों के साथ बैठकर बातचीत करना भी स्ट्रेस बस्टर का काम करता है। सही बात तो यह है कि चाहने वाले मुझसे बहुत अधिक अपेक्षा रखते हैं। उस वजह से बहुत स्ट्रेस महसूस करता हूं।
गुस्सा या नाराजगी..
आवेश में आना मेरे व्यक्तित्व का हिस्सा नहीं है। आमतौर पर शांत रहना ही पसंद करता हूं। लेकिन, जब कभी किसी वजह से नाराजगी या झुंझलाहट होने लगती है, तो उस विषय पर बात करना छोड़ देता हूं।






