आम आदमी बीमा योजना के लिए श्रम विभाग छेड़ेगा अभियान
मुंबई
केंद्र सरकार और राज्य सरकार के साझे में शुरू की गई आम आदमी बीमा योजना के लिए श्रम विभाग पूरे राज्य में अभियान छेड़ेगा। योजना का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए यह अभियान 26 जनवरी से 10 फरवरी तक चलाया जाएगा।
मंत्रालय में गुरुवार को श्रममंत्री हसन मुश्रीफ की अगुवाई में संबंधित अधिकारियों की बैठक बुलाई गई थी। इसमें अभियान की रूपरेखा तैयार की गई। मुश्रीफ ने बताया कि भूमिहीन किसानों के लिए शुरू की गई इस बीमा योजना में 15 लाख लोगों को शामिल किया गया है और 7 हजार परिवारों को मुआवजा दिया गया है। योजना के तहत बीमाधारक की अकास्मिक मौत होने पर उसके परिजनों को 75 हजार रुपए और साधारण मृत्यु होने पर 25 हजार रुपए आर्थिक सहायता दी जाती है। इसके अलावा लाभार्थी के दो बच्चों को 9 से 12वीं कक्षा तक प्रतिमाह 100 रुपए छात्रवृत्ति दी जाती है।
भवन निर्माणकार्य मजदूर वेलफेयर बोर्ड के नियमों में होगा बदलाव : श्रम विभाग के अधिकारियों ने इमारत निर्माणकार्य से जुड़े श्रमिकों के हितों के लिए बनाए गए वेलफेयर बोर्ड के नियमों में बदलाव करने की जानकारी दी है। संज्ञान में आया है कि ठेकेदारों की लापरवाही के कारण श्रमिकों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। वेलफेयर बोर्ड में पंजीकरण के लिए अनिवार्य है कि मजदूर 90 दिन काम का संबंधित ठेकेदार से प्रमाणपत्र लेकर जमा करे। परन्तु ठेकेदार मजदूरों को प्रमाणपत्र देने से कतराते हैं। ऐसे मजदूरों के पंजीकरण का प्रमाण बेहद कम है। लिहाजा लाभार्थियों के अभाव में बोर्ड के खाते में जमा राशि का उपयोग नहीं हो पा रहा।
दूसरी ओर श्रम मंत्री ने बताया कि मौजूदा समय में बोर्ड के खाते में 1 हजार करोड़ रुपए जमा हुए हैं। परन्तु लाभार्थियों के अभाव में केवल 6 लाख रुपए राशि खर्च हुई है। श्रम मंत्री के अनुसार वर्ष-2007 से 2012 तक बोर्ड के खाते में 759 करोड़ रुपए जमा हुए थे। उन्होंने बताया कि आगामी दिनों में यह राशि 6 हजार करोड़ रुपए तक पहुंच जाएगी।
इमारत निर्माणकार्य की अनुमति देने से पहले बिल्डरों से 1 प्रतिशत उपकर वसूल किया जाता है। यह राशि बोर्ड में पंजीकृत मजदूरों के हितों के लिए खर्च की जाएगी। उन्होंने बताया कि अब महानगर पालिका, एमएमआरडीए व मेट्रो टे्रन के निर्माणकार्य में लगे असंगठित मजदूरों को भी बोर्ड में शामिल किया जाएगा।








