गडकरी ने कहा, समय से पहले हो सकते हैं लोकसभा चुनाव
Source: Bhaskar News | Last Updated 06:29(28/12/11)
ग्वालियर. केंद्र की यूपीए सरकार अपने गलत फैसलों के कारण देश की जनता का विश्वास खो चुकी है। आज ऐसे हालात बन गए हैं कि लोकसभा चुनाव अपने निर्धारित समय से पहले भी हो सकते हैं।
खैर चुनाव कभी भी हों, पर भाजपा के नेतृत्व में एक बार फिर दिल्ली में एनडीए की सरकार बनेगी। यह बात भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन गडकरी ने मंगलवार को यहां मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नागरिक अभिनंदन समारोह में कही।
श्री गडकरी ने बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार के लिए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा अटलजी के कार्यकाल में डालर के मुकाबले रुपया मजबूत था, लेकिन आज उसकी कीमत लगातार गिरती जा रही है। यही नही खाद की कीमतें तीन और चार गुना हो गई हैं।
केंद्र सरकार ने किसानों का जीना दूभर कर दिया है, लेकिन हमें अटलजी के सुशासन और पं. दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय को ध्यान में रखकर सुखी, संपन्न और समृद्ध हिन्दुस्तान बनाना है। उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को संबोधित करते हुए कहा- कांग्रेस से मत घबराना शिवराज, ये तो खुद ही तिनकों की तरह बिखर रही है। प्रदेश में अटलजी के नाम पर हिंदी विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए श्री गड़करी ने मुख्यमंत्री की सराहना की।
उन्होंने कहा कि आईटी, इंजीनियरिंग और मेडिकल की पढ़ाई हिंदी में होने का मार्ग प्रशस्त होने से गांव के किसान और गरीब तक शिवराज को दुआएं देंगे क्योंकि उनके बेटा-बेटी भी इसका लाभ ले सकेंगे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मैं अंग्रेजी या अन्य किसी भाषा का विरोधी नहीं हूं पर मेरा कहना है कि सार्वजनिक कार्य स्थलों पर सबसे पहले हिंदी का प्रयोग होना चाहिए, इसके लिए जरूरी हुआ तो कानून में संशोधन भी किया जाएगा।
अनंतकुमार की नहीं मानी सलाह
भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में एक तरफ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि विपक्ष के आरोपों का आक्रामक जवाब दिया जाएगा। सुशासन हमारा सबसे बड़ा हथियार है। लेकिन पार्टी ने सुशासन अभियान का कोई कार्यक्रम घोषित नहीं किया।
मप्र प्रभारी राष्ट्रीय महासचिव अनंत कुमार ने सोमवार को बैठक का शुभारंभ करते हुए पंच से लेकर मुख्यमंत्री तक सभी जनप्रतिनिधियों के लिए सुशासन अभियान चलाने का तीन माह और एक साल के लक्ष्य तय करने को कहा था। दूसरी तरफ पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री गोपाल भार्गव ने आशंका जताई कि कांग्रेस मनरेगा को हमारे खिलाफ इस्तेमाल कर सकती है।
बैठक का समापन करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कांग्रेस के आरोपों का आक्रामक तरीके से जबाव दिया जाए। कार्यकर्ता जनता को सरकार के कामकाज बताएं और विपक्ष के आरोपों के जवाब भी बताएं। दो दिनी कार्यसमिति के समापन मौके पर चौहान ने सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि विपक्ष की आक्रामकता का जवाब प्रत्याक्रमण से दिया जाना जरूरी है। भाजपा जैसा संगठन और कार्यकर्ता किसी भी पार्टी के पास नहीं है, हमारे पास अटल बिहारी वाजपेयी जैसे सर्वाधिक जनप्रिय नेता का आदर्श है। सुशासन हमारा सबसे बड़ा हथियार है।
मेरी तरह सभी प्रतिनिधि अपनी निधि का खर्च सार्वजनिक करें : झा
कार्यसमिति की बैठक के बाद प्रेस कांफ्रेंस में झा ने कहा पार्टी के सभी प्रतिनिधि मेरी तरह अपनी निधि का खर्च सार्वजनिक करें, इसके लिए उन्हें पत्र लिखूंगा। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन गड़करी को भी इस फैसले की जानकारी दी जाएगी, ताकि अमल सुनिश्चित हो सके।
झा ने सवालों के जबाव में कहा कि मप्र में बुंदेलखंड के 6 जिलों में विधानसभा की 29 में से 19 और लोस की सभी 5 सीटें भाजपा के पास हैं, इसलिए दो राज्यों के हिस्से तोड़कर कांग्रेस पृथक बुंदेलखंड की बात कर रही है। हम मप्र में अलग बुंदेलखंड नहीं बनने देंगे, उप्र की उप्र जाने।
कार्यसमिति ने तय किए यह कार्यक्रम
- महिला मोर्चा जनवरी में सभी बदहाल राष्ट्रीय राजमार्गो पर केंद्र और कांग्रेस के खिलाफ धरना देगा।
- इसके बाद इन्हीं मार्गो पर भाजयुमो डेंजर निशान वाले होर्डिग्स लगाए और बताएगा कि इनकी बर्बादी के लिए कौन जिम्मेदार हैं।
- 16 से 21 जनवरी तक किसान मोर्चे की बलराम शिवराज संदेश यात्रा में 51 हजार 559 मोटर साइकिलों पर 50 हजार कार्यकर्ता गांवों में जाएंगे। वे सरकार के विकास कार्यो की सूची और मुख्यमंत्री के फोटो ले जाएंगे। गांव में दो कमल मित्र भी बनाएंगे।
- पूर्व में स्थगित हो चुकी विकास यात्राएं एक से 15 फरवरी तक निकाली जाएंगी, संगठन के नेतृत्व में विधायक और बीते चुनाव के पराजित भाजपा प्रत्याशी गांव गांव जाएंगे।
- 11 फरवरी को दीनदयाल उपाध्याय की पुण्य तिथि पर समर्पण दिवस के मौके पर चार करोड़ रुपए आजीवन सहयोग निधि कार्यकर्ताओं से जुटाई जाएगी।
- पूर्व में स्थगित हो चुकी अल्पसंख्यक मोर्चे की हमारा नारा भाईचारा यात्रा अब मार्च में होगी।
- जनवरी के महीने में जनता से राय मांगी जाएगी कि हमारे प्रदेश का बजट कैसा हो, शहरों में बॉक्स भी लगाए जाएंगे। फीडबैक सीएम और वित्तमंत्री को दिया जाएगा।