घायलों में तीन तीन गंभीर हैं, जिनमें से दो को इंदौर भेजा गया। 26 गाडियों में तोडफ़ोड़ हुई। इस पूरे घटनाक्रम में प्रभारी मंत्री सहित सभी बड़े नेता गायब रहे।
नमाज नहीं कराने की चेतावनी देने वाले संत नरेंद्रानंद सरस्वती शाम को भोजशाला पहुंचे और दर्शन कर लौट गए।