PHOTOS : दर्दनाक हत्या, मंगेतर कमरे में पहुंची तो दृश्य देख रह गई दंग

इंदौर। अन्नपूर्णा रोड स्थित मिश्रनगर में रहने वाले व्यवसायी की उनके फ्लैट में किसी ने निर्ममता से हत्या कर दी। फ्लैट में चारों ओर खून के छींटे और पंजों के निशान मिले। हमलावर दस्ताने पहनकर आए थे ताकी फिंगर प्रिंट नहीं मिले। उन्होंने हत्या के बाद फ्लैट का ताला लगाया और व्यवसायी की लक्जरी कार भी ले गए।
मिश्रनगर में मीराश्री अपार्टमेंट के फ्लैट में शनिवार दोपहर अनीश सिंह पिता नारायणसिंह राजपूत (27) की रक्तरंजित लाश मिली। उसके दोस्त विनीत यादव की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। विनीत ने बताया शनिवार सुबह उसे अनीश की मंगेतर दीपिका चौहान निवासी बाणगंगा ने कॉल कर बताया कि अनीश के दोनों मोबाइल नंबर नहीं लग रहे हैं। फिर वे दोनों अनीश के फ्लैट पर गए तो दरवाजे पर ताला मिला। उन्हें समझ नहीं आया कि अनीश कहां चला गया। फ्लैट के दरवाजे के नीचे अखबार भी आधा बाहर पड़ा था। शंका होने पर उन्होंने दरवाजे पर कान लगाया तो पंखा चलने की आवाज आई।
दस्ताने छोड़ गए हमलावर, दो से ज्यादा होने की आशंका
जांच में कमरे से दो जोड़ दस्ताने मिले। इससे आशंका है कि हमलावर दो या ज्यादा हो सकते हैं। अनीश के पेट, सीने, गले व चेहरे पर चाकुओं से वार के निशान मिले हैं। उसके एक हाथ की अंगुलियां व अंगूठा भी कट गया। आशंका है कि बचाव के दौरान उसका हाथ कटा। हो सकता है उसने एयरगन चलाने की कोशिश भी की थी।
लक्जरी कार ले गए, ग्वालियर की ओर जाने की सूचना
अनीश के दोनों मोबाइल मौके पर नहीं मिले। दोस्तों से पता चला अनीश के पास एक इंडिगो, काले रंग की एन्डेवर कार व बाइक थी। एन्डेवर सुबह से गायब है। उसका नं. एमपी-43 ई-1111 पता चला है। आसपास के लोगों ने बताया सुबह सात बजे यह गाड़ी बिल्डिंग के बाहर खड़ी देखी थी। अनुमान है कि हमलावर उसी से भागे होंगे। यह गाड़ी ग्वालियर की तरफ जाने की सूचना मिली है। पुलिस का खोजी डॉग पीछे के रास्ते प्रिकांको कॉलोनी, अन्नपूर्णा रोड होते हुए सिल्वर ऑक्स कॉलोनी तक गया।
क्या हुआ ठाकुर साहब को?
अनीश का शव देख दीपिका चिल्लाकर पूछती रही कि क्या हुआ ठाकुर साहब को। विनीत ने बमुश्किल उसे संभाला। उन्होंने बताया अनीश मूल रूप से सागर के चक्राघाट का रहने वाला था। उसके पास डंपर हैं, जिन्हें कॉन्ट्रेक्ट पर चलवाता था। उसके पिता का देहांत हो चुका है। घर में बड़े भाई, मां और दो बहनें हैं। दोस्तों ने बताया दीपिका प्रियदर्शनी कॉलेज में पढ़ती थी। वहीं अनीश से पहचान हुई थी।
रात 12 बजे तक हुई थी बात
दीपिका ने पुलिस को बताया उसकी रात में अनीश से करीब 42 मिनट बात हुई थी। इस दौरान उसने किसी के आने या सुबह बाहर जाने के बारे में कुछ नहीं कहा था। इसी कारण जब सुबह उसका मोबाइल नहीं लगा तो शंका हुई। अनीश इस फ्लैट में पिछले छह महीने से किराए से अकेला रह रहा था। आसपास के तीन फ्लैट्स में दो पर ताले लगे थे जबकि एक फ्लैट में वृद्धा रहती हैं। पुलिस उनसे भी जानकारी ले रही है।
लापता दोस्तों की तलाश
एसपी अनिल सिंह कुशवाह ने बताया घर में जबर्दस्ती घुसने के चिह्न नहीं मिले हैं। इससे साफ होता है कि हमलावर उसके परिचित रहे होंगे। पुलिस अनीश के दोस्तों की जानकारी निकाल रही है। उसके चार दोस्त घर पर नहीं मिले हैं। उनके बारे में जानकारी निकाली जा रही है। इतना साफ है कि हत्या लूट या चोरी के लिए नहीं की गई है। पुलिस व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा सहित अन्य बिंदुओं पर जांच कर रही है।






