शाहरुख की आत्मकथा ‘स्टिल रीडिंग खान’ में चोरी की पेंटिंग
इंदौर।शाहरुख खान अपनी बायोग्राफी स्टिल रीडिंग खान को लेकर कानूनी उलझन में फंस गए हैं। 2006 में लेखक मुश्ताक शेख द्वारा लिखी गई यह किताब रिलीज हुई थी। इसमें इंदौर के कलाकार प्रदीप कर्णिक की एक पेंटिंग भी इस्तेमाल की गई थी, जिसके लिए उनसे इजाजत नहीं ली गई थी। इतना ही नहीं किताब में कहीं भी प्रदीप का नाम भी नहीं छापा गया था। प्रदीप ने इसके लिए शाहरुख और मुश्ताक को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया था। डीबी स्टार ने 22 मई 2011 के अंक में सबसे पहले इस मुद्दे को उठाया था। करीब डेढ़ साल गुजर जाने के बावजूद शाहरुख और मुश्ताक की तरफ से कोई जवाब नहीं मिलने पर अब प्रदीप कॉपीराइट एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई करने जा रहे हैं।
शाहरुख से नाराज इंदौर के कलाकार प्रदीप कर्णिक अब कोर्ट का दरवाजा खटखटाने जा रहे हैं। दरअसल शाहरुख खान की बायोग्राफी स्टिल रीडिंग खान के पेज नंबर 33 पर छपे चैप्टर-2 ‘मेरे पास मां है’ में एक परिवार की पेंटिंग छापी गई है। यह पेंटिंग प्रदीप कर्णिक ने बनाई थी, लेकिन बायोग्राफी में कहीं भी इस बात का जिक्र नहीं किया गया है कि यह पेंटिंग बनाने वाला कलाकार कौन है। इससे भी बड़ी गुस्ताखी ये है कि इसे छापने के लिए कलाकार से इजाजत भी नहीं ली गई है। 4 किलोग्राम वजनी और 450 पेजों वाली इस किताब में 1200 दुर्लभ और असाधारण फोटो शामिल हैं। बायोग्राफी में छपे हर फोटो के साथ फोटोग्राफर्स के नाम हैं, लेकिन किताब में छपी एकमात्र पेंटिंग को बनाने वाले कलाकार का जिक्र पूरी किताब में कहीं नहीं किया गया है।
तस्वीरों के जरिए जानिए पूरा मामला...








