पानी के लिए होगी भारत और पाकिस्तान के बीच चौथी जंग!
नई दिल्ली. क्या भारत और पाकिस्तान के बीच चौथी जंग पानी के लिए होगी? जानकारों की मानें तो इस बात की पूरी आशंका है कि दोनों देशों के बीच अगली लड़ाई पानी को लेकर हो। 1950 से लेकर अब तक दक्षिण एशिया में प्रति व्यक्ति पानी की उपलब्धता में 70 फीसदी की कमी आई है। फरवरी में अमेरिकी खुफिया रिपोर्ट में आगाह किया गया था कि 2040 तक पूरी दुनिया में शुद्ध पानी की मांग इतनी बढ़ जाएगी कि इससे राजनीतिक अस्थितरता लेकर आर्थिक विकास में बाधा और दुनिया में अनाज की कमी जैसे संकट सामने आएंगे।
एशियन डेवलपमेंट बैंक के अनुसार दक्षिण एशिया में पानी को लेकर सबसे ज़्यादा दबाव इसलिए है क्योंकि यहां हर साल 2 करोड़ 50 लाख आबादी हर साल बढ़ जाती है। लाहौर मैनेजमेंट यूनिवर्सिटी के अनुसार दक्षिण एशिया में पानी का स्रोत ग्लेशियर और मॉनसूनी बारिश ही है। लेकिन जलवायु में बदलाव के कारण ग्लेशियर घटते जा रहे हैं और मॉनसूनी बारिश भी अनिश्चित बनी हुई है।
दक्षिण एशिया में पानी की दिक्कत विकराल रूप ले सकती है, जो भारत और पाकिस्तान जैसे देशों के बीच जंग की वजह बन सकती है। भारत और पाकिस्तान के बीच सतलुज, व्यास, रावी, चेनाब और झेलम के बंटवारे को लेकर ऐतिहासिक तौर पर विवाद रहा है। गौरतलब है कि भारत और पाकिस्तान के बीच अलग-अलग कारणों से 1965, 1971 और 1999 में जंग हो चुकी है।







