अभी बनी रहेगी महंगाई

नई दिल्ली. देश की आर्थिक विकास दर इस साल 6.9 फीसदी रहेगी। हालांकि तेल की ऊंची कीमत, कर और वेतन वृद्धि जैसे कारणों से महंगाई बनी रहेगी। रिजर्व बैंक ने 2012-13 के लिए मौद्रिक नीति की घोषणा से पहले 'आर्थिक और मौद्रिक विकास' रिपोर्ट जारी करते हुए ये बातें कहीं। आरबीआई ने कहा कि चालू वित्त वर्ष में विकास दर में थोड़ा सुधार होगा। बैंक ने विकास को बढ़ावा देने की जरूरत पर बल दिया।
महंगाई के संबंध में आरबीआई ने साफ कहा कि मौजूदा साल में इससे निजात मिलना मुश्किल है। तेल की ऊंची कीमत, माल भाड़ा व कर में वृद्धि और आपूर्ति से संबंधित ढांचागत बाधाओं के कारण महंगाई दर 2012-13 में वर्तमान स्तर पर बनी रहेगी।
दर घटी लेकिन खाद्य पदार्थों की महंगाई बढ़ी
सरकारी आंकड़ों के अनुसार महंगाई दर मार्च महीने में ६.८९ फीसदी रही है। पिछले महीने यह ६.९५ फीसदी थी। लेकिन खाद्य पदार्थों की महंगाई फरवरी के ६.०७ प्रतिशत के मुकाबले मार्च में ९.९४ प्रतिशत पर पहुंच गई। सब्जियों और दालों की कीमतों में तेजी रही। दूध, चावल, मोटे अनाज भी महंगे हुए। जबकि प्याज, अंडा, मांस और मछली की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने ये आंकड़े सोमवार को जारी किए गए।






