महंगाई के इस दौर में रेल यात्रियों के लिए आई राहत की खबर

नई दिल्ली. रेलवे ने किराए और माल भाड़े पर सर्विस टैक्स लेना 30 सितंबर तक के लिए टाल दिया है। रेल मंत्रालय के आग्रह पर वित्त मंत्रालय ने सोमवार को इस आशय की अधिसूचना जारी की। इस फैसले से ट्रेन में एसी क्लास की तीनों श्रेणियों और फस्र्ट क्लास में यात्रा करने वालों को राहत मिली है। इनके किराए पर 12 फीसदी सर्विस टैक्स लगना था। रेलमंत्री मुकुल रॉय ने पिछले सप्ताह प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर सर्विस टैक्स नहीं लिए जाने का आग्रह किया था।
रेलमंत्री की दलील
रेलवे मुनाफा कमाने वाला उपक्रम नहीं है। इससे पहले कभी भी रेलवे पर सर्विस टैक्स नहीं लगा। इससे यात्रियों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। इस साल के रेल बजट में फस्र्ट और सेकंड एसी का किराया २० प्रतिशत बढ़ चुका है।
यात्री किराये और माल भाड़े पर वर्ष २००९-१० के आम बजट में सर्विस टैक्स लगाने का प्रस्ताव था। तत्कालीन रेलमंत्री ममता बनर्जी के विरोध के कारण यह लागू नहीं हो सका। तब से यह छूट हर तीन महीने आगे बढ़ती रही है। इस बार वित्त मंत्रालय ने इन्हें सर्विस टैक्स से छूट वाली सेवाओं की सूची (नेगेटिव लिस्ट) से बाहर रखने का फैसला किया था।






