उन्होंने शव देखते ही वहां मौजूद सेना व प्रशासनिक अधिकारियों से कहा कि मुझे मेरे बेटे का सिर चाहिए। उसके बाद जैसे ही सेना के जवान शव को चिता पर रखने लगे ग्रामीणों ने उन्हें रोक दिया और कहा कि पहले इस जवान का सिर लाया जाए, तब ही अंतिम संस्कार करने देंगे।
देर रात तक ग्रामीणों और शहीद की मां से समझाइश चलती रही। इसके बाद रात करीब 8:55बजे शहीद का अंतिम संस्कार किया गया। उधर, मप्र के डढिया गांव के शहीद सुधाकर सिंह के गांव में भी मातम पसरा रहा। उनका शव सुबह गांव में पहुंचा। वे 2002 में फौज में दाखिल हुए थे।और चार महीने पहले ही पिता बने थे।
गूंजे पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे
राजस्थान की सीमा से करीब 70 किमी दूर यूपी के शेर नगर में लांस नायक हेमराज का शव पहुंचते ही पाकिस्तान के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा उमड़ पड़ा। उन्होंने पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। गांव में बुधवार को चूल्हे नहीं जले।
..इधर दिनभर सिर्फ बयानबाजी
पाक की करतूत पर भारत ने पाक उच्चायुक्त सलीम बशीर को तलब कर एतराज जताया। भाजपा-कांग्रेस ने पाक को माकूल जवाब देने की मांग की है। इस बीच दिनभर राजनयिक, राजनीतिक और सेना के स्तर पर बयानबाजी चलती रही।