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Home >> Rajasthan >> Jodhpur >> That Outrageous Developments Still Shudder Remembering The Spirit!

लाशों के ढेर में अपनों को ढूंढते लोग, वह मंजर आज भी खड़े कर देता है रोंगटे!

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2012 विदा होने को है। यह साल अपने पीछे कई ऐसे दर्द भरे पल छोड़ गया जिसे याद कर आज भी लोगों की रूह कांप उठती है।ऐसी ही एक दिल दहलाने वाली घटना घटी थी राजस्थान के जालौर जिले में, जिसने एक साथ 19 जिंदगियों को अपने चपेट में ले लिया था।  
 
बात 15 जून की है जब जालौर जिले में कुछ लोग सांचोर से काम कर अपने घर लौट रहे थे,लेकिन उनका यह सफर हमेशा की तरह पूरा नहीं हुआ।उस रोज शाम के 5:30 बज रहे थे और बस राष्ट्रीय राजमार्ग 15 पर अपनी रफ्तार से चली जा रही थी।तभी अचानक सामने से आ रहे ट्रेलर के साथ उसकी ऐसी भिडंत हुई कि बस तुरंत आग के गोले में तब्दील हो गई और 19 लोग इस भयावह हादसे में ऑन स्पॉट जिन्दा जल गए जबकि 42 यात्री आग से बुरी तरह झुलस गए।
 
हर ओर जली हुई लाशें: 
 
बड़ी मुश्किल से आग पर काबू पाया गया। सांचौर से दमकल पहुंची उससे पहले लोगों ने काफी प्रयास किए, लेकिन लपटें इतनी तेज थी कि पास ही नहीं जाया जा सका। जैसे ही लपटें शांत हुई मौके पर मौजूद लोग लाशें देखकर चीत्कार कर उठे। बस के आगे, पीछे, अंदर सीटों पर और नीचे जले हुए शव पड़े थे। कुछ शव सड़क पर कुछ दूरी पर मिले मानों  बचने के लिए भागे हों ।
 
केमिकल था ट्रेलर में
 
>एडीएम चुन्नीलाल सैनी के मुताबिक प्रारंभिक जानकारी में पता चला है कि ट्रेलर में केमिकल रखा था। आग भी उसी से लगी।
 
>बस शाम पांच बजे सांचौर से बाड़मेर के लिए रवाना हुई थी। ट्रेलर बाड़मेर की ओर से आ रहा था।
 
आंखों देखी: देखते ही देखते लपटों से घिरे
 
मैं चौथी सीट पर बैठा था। अचानक धमाका हुआ। पड़ोस में बैठा व्यक्ति बेहोश हो गया। बस आग में घिरने लगी। मैंने हिम्मत की। खिड़की का कांच तोड़ा। पास बैठे व्यक्ति को खिड़की से बाहर निकाला, फिर मैं भी कूद गया।
 
-हादसे में बचे कोटड़ा निवासी हरिंगा राम
 
बस हादसे में बचे बस यात्री कोटड़ा निवासी हरिंगा राम ने बताया कि वह बस की चौथी सीट पर बैठा था। तभी धमाका हुआ। मैं सीट के बीच में फंस गया। साथ में बैठा व्यक्ति बेहोश हो गया। देखते ही देखते बस को आग ने घेर लिया। मैंने जैसे-तैसे हिम्मत बांधी और खिड़की का कांच तोड़ा। इसके बाद पास में बैठे व्यक्ति को खिड़की से बाहर की तरफ फेंक दिया और मैं भी बस से कूद गया।
 
इसके बाद पूरी बस धू धूंकर जलने लगी। बस में मौजूद लोगों के चिल्लाने की आवाजें आ रही थी। वे मदद के लिए चिल्ला रहे थे। जिंदा इंसान आग से लिपटे हुए बस में इधर उधर दौड़ रहे थे, लेकिन हम कुछ नहीं कर पाए। देखते ही देखते उन्होंने दम तोड़ दिया।
 
 
'यादों के झरोखे से' में आज देखिए उस भयावह हादसे की दिल दहला देने वाली कुछ तस्वीरें जिन्हें अपने पीछे छोड़ चला 2012>>> 
 

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