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ब्लास्टिंग से मस्जिद के कमरे की छत गिरी, एक की मौत
Bhaskar News
| Jul 29, 2012, 04:28AM IST

पुलिस के मुताबिक दोपहर करीब एक बजे हसामपुर के इस्माइल (60) पुत्र नब्बू खां व इकबाल (28) पुत्र सुलतान सिक्का मस्जिद के पास बने कमरे में मौलवी अब्दुल गनी के पास बैठे थे। इसी दौरान अचानक कमरे की छत की पट्टियां टूटकर गिर गई। इससे कमरे में मौजूद मौलवी सहित दो अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए।
आसपास के लोगों ने तीनों को स्थानीय अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टर व कंपाउंडर नहीं मिलने पर गुस्साए ग्रामीणों ने अस्पताल पर ताला जड़ दिया। इसी बीच घायलों को पाटन अस्पताल पहुंचाया, जहां से इस्माइल की हालत गंभीर होने पर जयपुर रैफर किया गया। इस्माइल ने अस्पताल पहुंचने से पहले दम तोड़ दिया।
उसके शव का पाटन अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया गया। घटना से गुस्सा परिजनों ने एक बारगी शव उठाने से इनकार कर दिया, लेकिन प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों की समझाइश पर मामला शांत हुआ। मौके पर एसडीएम सेवाराम स्वामी, तहसीलदार सुरेंद्र खेरिया, डीएसपी दिनेश अग्रवाल व पाटन थानाप्रभारी नरेश चौधरी मौके पर पहुंचे। एसडीएम सेवाराम स्वामी का कहना है कि परिजनों की शिकायत में बताया गया है कि इलाके में हो रही ब्लास्टिंग के कारण कमरे की छत गिरी है। मामले की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
डॉक्टर व कंपाउंडर एपीओ
ग्रामीणों द्वारा अस्पताल के गेट पर तालाबंदी करने की सूचना पर ब्लॉक सीएमओ रामनिवास यादव समझाने के लिए पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों की ओर से शिकायत के आधार पर प्राथमिक तौर पर आयुष चिकित्सक डा. राजेश शर्मा और मेल नर्स सुरेंद्र सिंह तंवर को एपीओ कर मुख्यालय के लिए रिलीव कर दिया है। वहीं चिकित्सा प्रभारी डा. सतीश कटारिया को बिना सूचना के गैर हाजिर पर रहने पर अनुशासनात्मक कार्यवाही के लिए नोटिस दिया है। ग्रामीणों ने एएनएम सुशीला पर भी ड्यूटी से नदारद रहने का आरोप लगाया। इस पर ब्लॉक सीएमओ ने जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मुआवजे के आश्वासन पर उठाया शव
ग्रामीणों ने दस लाख रुपए मुआवजा देने की मांग करते हुए करीब चार घंटे तक शव नहीं उठाया। मौके पर मौजूद एसडीएम, डीएसपी व अन्य अधिकारियों ने ग्रामीणों से कई दौर की वार्ता कर जनसहयोग से मृतक के आश्रितों को पांच लाख रुपए नकद दिलाने तथा घायलों व मृतक के आश्रितों को मुख्यमंत्री सहायता कोष से सहायता राशि दिलाने का आश्वासन दिया। इस पर ग्रामीण माने तथा शव का अंतिम संस्कार किया। अधिकारियों ने मस्जिद के गिरे हुए कमरे का भी जनसहयोग से पुनर्निर्माण कराने का आश्वासन दिया। परिजनों ने मामले में ब्लास्टिंग से कमरे की पट्टियां टूटकर गिरने की रिपोर्ट दर्ज कराई है।






