खेल डेस्क. पहले टेस्ट, फिर टी-20 और अब वनडे, हर फॉर्मेट में टीम इंडिया को मुंह की खानी पड़ी। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया में सूपड़ा साफ करवा कर घर लौटी धोनी ब्रिगेड को विश्वास था कि वे घरेलू मैदानों पर विजयी होंगे, लेकिन इंग्लैंड ने टेस्ट सीरीज में हरा कर यह गुमान भी तोड़ दिया।
बड़े-बड़े सुपरस्टार्स से लैस टीम इंडिया इस खराब प्रदर्शन के सिलसिले को तोड़ने के लिए तड़प रही है। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के पास कोई प्लान नहीं है, वहीं बीसीसीआई भी असरदार रणनीति निकालने में असफल हो रही है।
कभी-कभी छोटी चीजों से भी बड़ी बातें सीखने को मिल जाती हैं। कर्नाटक प्रीमियर लीग टीम इंडिया के लिए एक ऐसा ही उदाहरण साबित हो सकती है। साल 2009 में शुरू हुए टूर्नामेंट की पहली चैंपियन टीम थी बेंगलौर प्रोविडेंट। टीम के मालिक रवि रामू ने बिना किसी स्टार प्लेयर के अपनी टीम को बुलंदी तक पहुंचा दिया।
dainikbhaskar.com के साथ खास बातचीत के दौरान उन्होंने मौजूदा नेशनल क्रिकेट टीम की खामियों और उन्हें सुधारने के खास फंडे बताए।
रवि रामू वैसे तो रियल एस्टेट इंडस्ट्री के दिग्गजों में शुमार हैं, लेकिन क्रिकेट के प्रति उनकी दीवानगी ने उन्हें इस खेल में इंवेस्टमेंट के लिए प्रेरित किया। कर्नाटक प्रीमियर लीग की टीम को बनाने और संवारने के अपने अनुभव को उन्होंने एक किताब के रूप में परोसा है। गत 10 जनवरी को रिलीज हुई अपनी पहली किताब Inside Indian T20 में उन्होंने बताया है कि कैसे एक क्रिकेट टीम को साधारण से चैंपियन बनाया जा सकता है।
आगे क्लिक कर जानिए, रवि रामू के खास फंडे जिन्हें अपना कर टीम इंडिया लौट सकती है विनिंग ट्रैक पर...