Home » Sports » Cricket » Latest News » Real Problem Before Kolkata Test

कोलकाता टेस्‍ट: पिच नहीं, ड्रेसिंग रूम है बड़ी प्रॉब्‍लम

dainikbhaskar.com | Nov 28, 2012, 15:41PM IST
खेल डेस्‍क. कोलकाता के ईडन गार्डन में होने वाले इंग्‍लैंड के खिलाफ तीसरे टेस्‍ट मैच से पहले विवादों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। धोनी की ख्‍वाहिश के मुताबिक टर्निंग पिच बनाने से इनकार करने पर ईडन गार्डन के क्यूरेटर प्रबीर मुखर्जी को हटा दिया गया है। हालांकि पिच बदलवाने की जिद पर अड़ने वाले कप्‍तान धोनी भी आलोचनाओं के शिकार हो रहे हैं। 
 
प्रबीर मुखर्जी की गिनती नामीगिरामी पिच क्‍यूरेटरों में होती है जिन्‍होंने इससे पहले 14 टेस्‍ट मैचों के लिए पिच तैयार की हैं। त्रिपुरा क्रिकेट एसोसिएशन के आशीष भौमिक को प्रबीर की जगह ईडन गार्डन का पिच क्‍यूरेटर बनाया गया है। आशीष बीसीसीआई की पिच कमेटी के सदस्‍य भी हैं।
 
मुंबई टेस्‍ट में मेहमान टीम के हाथों 10 विकेट से मिली हार के बाद अब सबकी नजरें पांच दिसंबर से शुरू हो रहे कोलकाता टेस्‍ट पर हैं। इससे पहले 2001 में ऑस्‍ट्रेलिया के खिलाफ मुंबई में हुए मैच में टीम इंडिया को 10 विकेट से पराजय झेलनी पड़ी थी। लेकिन इसके बाद कोलकाता में हुए मैच में हरभजन सिंह, राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्‍मण ने टीम को ऐतिहासिक जीत दिलाई थी। ऐसे में टीम इंडिया मुंबई में मिली हार का कोलकाता में किस तरह जवाब देती है? क्‍या इस बार भी टीम इंडिया 2001 का जादू दोहरा सकती है?  
 
कोलकाता टेस्‍ट से पहले पिच को लेकर उठा विवाद तो शांत होता दिख रहा है लेकिन यहां गौर करने वाली बात है कि समस्‍या पिच को लेकर नहीं बल्कि कई ऐसे मसले हैं जिनपर गौर किया जाना जरूरी है।
 
ड्रेसिंग रूम है प्रॉब्‍लम 
 
सीनियर खेल पत्रकार अयाज मेमन कहते हैं, 'मेरा मानना है कि टीम में बैलेंस की जरूरत है। तीन स्‍पिनरों को खेलाना एक मजाक है।' मुंबई में मिली हार का जिक्र करते हुए मेमन ने कहा, 'टीम के लिए इससे पहले चेतावनी कुछ नहीं हो सकती है। यह आपके मुंह पर पड़े जोरदार तमाचे जैसा है। आपने मैच जीतने के लिए क्‍यूरेटर से लेकर टॉस जीतने, पहले बैटिंग करने और टीम में स्पिनरों को ठूंस देने तक सब कुछ किया। लेकिन मुंबई में मिली हार से साफ है कि कुछ बुनियादी गड़बड़ है। समस्‍या पिच,  चयनकर्ताओं, बीसीसीआई या प्रशंसकों से नहीं बल्कि ड्रेसिंग रूम में और खिलाडियों के दिमाग में है। इस पर गौर किए जाने की जरूरत है।'
 
धोनी चाहते हैं कि कोलकाता की पिच 'टर्नर' हो। क्‍या यह विपक्षी टीम को हराने की रणनीति का हिस्‍सा है? इस बारे में मेमन कहते हैं, 'आप इस बात को दिमाग में रखते हुए मैच खेलने नहीं उतर सकते हैं कि हमें यह मैच किसी तरह ड्रा करानी होगी क्‍योंकि ऐसे करने से आखिरकार आपकी हार ही होगी। आपको यह सोचना चाहिए कि यह मैच जीतना है और सीरीज अपने नाम करनी है। यदि आप ऐसा नहीं सोचते हैं तो आपको हार का मुंह देखना पड़ सकता है।'
 
टीम में बदलाव जरूरी 
 
चोटिल उमेश यादव की जगह अशोक डिंडा को टीम में शामिल किए जाने के अलावा कोलकाता टेस्‍ट के लिए टीम में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है। सचिन तेंडुलकर और हरभजन सिंह को टीम में बरकरार रखा गया है। हरभजन सिंह मुंबई टेस्‍ट में कुछ खास नहीं कर पाए, ऐसे में उनकी जगह पर अमित मिश्रा को आजमाया जा सकता है। इसके अलावा बंगाल के क्रिकेटर अमित मिश्रा को भी जगह दी जानी चाहिए। मिश्रा ईडन की पिच से बखूबी वाकिफ हैं। अहमदाबाद में पहला टेस्‍ट हारने के बाद इंग्‍लैंड टीम के कप्‍तान एलिएस्‍टर कुक ने स्‍वीकार किया कि उनका टीम सेलेक्‍शन गड़बड़ था। मेहमान टीम ने बाएं हाथ के स्पिनर मोंटी पनेसर को टीम में शामिल किया जिन्‍होंने मुंबई टेस्‍ट जीतने में टीम की मदद की। ऐसे में मुंबई में मिली हार के बाद टीम इंडिया में भी कुछ बदलाव होने चाहिए। नहीं तो हमें कोलकाता टेस्‍ट हारने से भी कोई नहीं रोक सकता और हम सीरीज में 2-1 से पिछड़ जाएंगे।   
 

अंपायरों पर बरसे धोनी, कोलकाता में भी मांगी मुंबई जैसी पिच


पहली बार वानखेड़े में लगे 'सचिन हाय-हाय' के नारे, धोनी की भी भद पिटी


10 विकेट से जीता इंग्लैंड, सीरीज 1-1 से बराबर


सचिन होने का मतलब



 
आपके विचार
 
अपने विचार पोस्ट करने के लिए लॉग इन करें

लॉग इन करे:
या
अपने बारे में बताएं
 
 

दिखाया जायेगा

 
 

दिखाया जायेगा

 
कोड:
10 + 6

 
विज्ञापन

बड़ी खबरें

रोचक खबरें

विज्ञापन

बॉलीवुड

जीवन मंत्र

स्पोर्ट्स

जोक्स

पसंदीदा खबरें

फोटो फीचर

 
Email Print Comment