खेल डेस्क. टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली पर गुरुवार का दिन भारी रहा। उनके पिता चंडीदास गांगुली का उनके बेहाला स्थित निवास पर दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वे 74 वर्ष के थे।
सौरव अपने पिता को अपना आदर्श मानते थे।
चंडीदास अपने पूरे परिवार के साथ गुरुवार की शाम घर पर चाय का आनंद ले रहे थे, तभी अचानक उनके सीने में तेज दर्द उठा। दर्द से बेहाल सीनियर गांगुली अचानक सोफे पर से गिर गए और चंद मिनट बाद उनका निधन हो गया। गांगुली परिवार को उन्हें हॉस्पिटल ले जाने तक का समय भी नहीं मिल सका।
सौरव गांगुली का बचपन किसी राजकुमार की तरह बीता। उनके घर में हर तरह का ऐशो-आराम मौजूद था।
लेकिन उनके पिता चंडीदास गांगुली ने सौरव के अंदर कभी इस बात का घमंड नहीं आने दिया।
गांगुली ने भी स्वाभिमान के साथ घरेलू बिजनेस से हट कर क्रिकेट में अपना शानदार करियर बनाया।
घर चाहे छोटा हो या बड़ा, जहां इंसान का बचपन बीतता है वह जगह हमेशा ही खास होती है।
गांगुली की आलीशान कोठी कोलकाता के बेहाला इलाके में स्थित है। बाहर से किसी आम बंगले जैसी दिखने वाली इस कोठी के अंदर के नजारे एक महल जैसे हैं।
आगे क्लिक कर देखिए, उसी घर के कुछ आलीशान नजारे, जहां पिता की उंगली पकड़ कर गांगुली ने सीखा जिंदगी का पाठ