खेल डेस्क. इंडियन टेनिस परी सानिया मिर्जा ने इंटरनेशनल करियर के 10 साल पूरे कर लिए हैं। सानिया को यदि टेनिस की लेडी सचिन तेंडुलकर कहा जाए तो गलत नहीं होगा। रिकॉर्ड से लेकर ग्लैमर तक उन्होंने हर फील्ड में अपना जलवा बिखेरा है।
कई बार चोटों ने इस हैदराबादी बाला को खेल से दूर होने पर मजबूर किया, लेकिन हर बार वे एक नए जोश के साथ लौटीं। हजारों आलोचनाओं के बावजूद उन्होंने भारतीय तिरंगा नहीं छोड़ा।
सानिया के पिता इमरान मिर्जा उन्हें हैदराबाद में एक कोच के पास लेकर गए। लेकिन कोच ने यह कहकर सानिया को कोचिंग देने से मना कर दिया कि अभी वे बहुत छोटी हैं। यह उम्र गुड्डे-गुडिय़ों जैसे खेल खेलने की है, टेनिस का प्रशिक्षण लेने की नहीं। लेकिन जब कोच ने उन्हें रैकेट पकड़कर फॉरहैंड शॉट लगाते देखा तो वे सानिया के टैलेंट के आगे नतमस्तक हो गए। उन्होंने तत्काल इमरान मिर्जा को बुलाकर कहा?
'इतनी कम उम्र में इतनी ज्यादा टैलेंटेड खिलाड़ी उन्होंने पहले कभी नहीं देखी। यह तो फ्यूचर स्टार है।' तो यह सानिया की शुरुआत थी। हर सफल व्यक्ति के साथ जिस तरह विवाद जुड़ जाते हैं, उसी तरह सानिया भी विवादों से मुक्त नहीं रही हैं। वे टेनिस कोर्ट से ज्यादा विज्ञापनों और अफेयरों के चलते अखबारों की सुर्खियों में नजर आईं, लेकिन कभी हार न मानने की जिजीविषा के दम पर उन्होंने तमाम बाधाओं से पार पा लिया।
भूपति के पिता से ली कोचिंग
सानिया ने छह साल की उम्र में टेनिस खेलना शुरू किया था। उन्होंने अपने पिता और स्पोट्र्स जर्नलिस्ट इमरान मिर्जा से खेल की बारीकियां सीखीं। पेशेवर प्रशिक्षण महेश भूपति के पिता सीके भूपति से 12 साल की उम्र से लेना शुरू किया। इसके लिए वे पहले सिकंदराबाद की टेनिस एकेडमी में गईं, फिर अमेरिका में भी कोचिंग ली।
कॉर्पोरेट घरानों का मिला साथ
टेनिस एक महंगा खेल माना जाता है और पेशेवर कोचिंग में हर महीने लाखों का खर्च आता है। सानिया ने जब पेशेवर कोचिंग लेना शुरू किया तो उनके पिता के लिए इसका खर्च उठाना मुश्किल होने लगा। हारकर उन्होंने कॉर्पोरेट जगत से मदद की अपील की। सानिया की किस्मत अच्छी थी कि एडिडास तथा जीवीके इंडस्ट्रीज उनके प्रायोजक बनने को तैयार हो गए।
शादी के किस्से
2009 में बचपन के दोस्त सोहराब मिर्जा के साथ उनकी मंगनी हुई, लेकिन जल्द ही टूट गई। फिर एक करोड़पति व्यवसायी फैजान उदयावर के साथ अफेयर की खबरें आईं, लेकिन छह महीने बाद ही पाकिस्तानी क्रिकेटर शोएब मलिक के साथ उनके रिश्ते सार्वजनिक हो गए। अप्रैल 2010 में दोनों ने शादी कर ली। फिर एक महिला ने दावा किया कि शोएब के साथ उसकी शादी हो चुकी है और शोएब व सानिया की शादी वैध नहीं हो सकती। अंतत: शोएब को महिला को तलाक देना पड़ा।
कुरान पढऩा नहीं भूलतीं
अंतरराष्ट्रीय टेनिस मैचों में व्यस्तताओं के बावजूद सानिया हर दिन कुरान की आयतें पढ़ती हैं और नियमित नमाज भी अदा करती हैं। खाली समय में उन्हें इंटरनेट पर सर्फिंग करना तथा फिल्में देखना पसंद है। इसके साथ ही वे हिंदी फिल्मों के गानें भी खूब सुनती हैं।
बिरयानी है पसंद
खाने में उनकी पसंदीदा डिश बिरयानी है, लेकिन केला और सेब जैसे फल उन्हें नहीं भाते। फुर्सत के समय जींस-शर्ट या फिर सलवार-कुर्ता पहनना पसंद करती हैं। खेल में उन्हें टेनिस के अलावा क्रिकेट देखना अच्छा लगता है।
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