'दंगों का ईनाम था माया को मिला मंत्रीपद'

गुजरात दंगों के दौरान हुए नरोडा पाटिया हत्याकांड में 32 लोगों को दोषी पाया गया है। फैसला आने के बाद से ही नरोडा पाटिया ट्विटर पर ट्रेंड कर रहा है। बधवार को ही सुप्रीम कोर्ट ने मुंबई हमलों के आरोपी अजमल आमिर कसाब की फांसी की सजा को बरकरार रखने का अपना फैसला सुनाया।
गौरतलब है कि साल 2002 में अहमदाबाद के नरोडा पाटिया में हुए सामूहिक हत्याकांड में 97 लोग मारे गए थे। विशेष जांच दल इस हत्याकांड की जांच कर रहा है। बुधवार को मामले में 32 लोगों को दोषी करार दिया गया जिनमे नरेंद्र मोदी सरकार में मंत्री रह चुकी माया कोडनानी और विहिप नेता बाबू बजरंगी भी शामिल हैं।
पढ़िए इस फैसले पर ट्विटर पर आईं कुछ प्रतिक्रियाएं....
Joy
यह न्याय का दिन हैः कसाब की फांसी की सजा बरकरा और नरोडा पाटिया केस में आरोपी दोषी करार। दुख की बात यह है कि दोनों ही घटनाओं के मास्टरमाइंड अभी सुरक्षित हैं।
TwoCircles.net
न्याय के पहिये अपने आप नहीं चलते, उन लोगों को सलाम जिनके प्रयासों से नरोडा पाटिया मामले में फैसला आ सका।
Manish Chandra
नरोडा पाटिया मामले में आए फैसले का स्वागत है...दस साल में ही न्याय मिल गया लेकिन 1984 के दंगों में मारे गए सिख अभी भी न्याय का इंतजार कर रहे हैं...यह दुखद है।
Rana Safvi
तो जिस वक्त नरोडा पाटिया में बेगुनाह जिंदा जलाए जा रहे थे उस वक्त माया कोडनानी नरेंद्र मोदी की मंत्री नहीं थी...यानि मंत्रीपद बाद में ईनाम में मिला।
Samar Halarnkar
उन लोगों की बात सुनकर हंसी आ रही हैं जो कह रहे हैं कि गोधरा कांड में न्याय नहीं हुआ....वैसे उस मामले में 11 को मौत की सजा दी गई है।
deepal trivedi
गुजरात सरकार सही है जब वो कहती है कि माया कोडनानी नरोडा पाटिया हत्याकांड के वक्त मंत्री नहीं थी..हां, मंत्रिपद उन्हें कुछ दिन बाद ईनाम में मिला था।
Sri Harsha
अगर एसआईटी नरोडा पाटिया मामले में स्वीकार्य है तो फिर अन्य मामलों में भी यह स्वीकार्य होनी चाहिए। डबल स्टेंडर्ड क्यों?
Haseeb Ansari
नरोडा पाटिया मामले में आया फैसला शुरुआत भर है, गुजरात को न्याय दिलवाने में अभी लंबा वक्त लगेगा...हम सिस्टम में यकीन करते हैं और उसका सम्मान करते हैं।
Abhinay Sali™
नरोडा पाटिया मामले ने भारतीय कज्जाफी नरेंद्र मोदी और उनकी मंत्री के असली रंग उजागर कर दिया है। कम से कम धीमे ही सही न्यायपालिका अपना काम तो कर रही है।
Rajarshi Dutta
भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने नरोडा पाटिया मामले पर आए फैसला पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा- हम न्यायिक प्रक्रिया का राजनीतिकरण नहीं करना चाहते। हां, भाजपा सिर्फ दंगों का राजनीतिकरण कर सकती है।
Abjinder Pal Singh
यह एक ऐतिहासिक फैसला है। काश 1984 के सिख विरोधी दंगों के मामले में भी ऐसा ही फैसला आ पाता।







