नई दिल्ली. लगातार दो दिन के 'ब्लैक आउट' के बाद दुनिया भर में भारत की किरकिरी हुई है, लेकिन भारत सरकार के मंत्री वाहवाही लूटने में लगे हैं। पुराने बिजली मंत्री ने जहां वाहवाही लूटते हुए भड़ास निकाली, वहीं नए बिजली मंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा चुनौतियां स्वीकारने में मजा आता है।
ग्रिड फेल होने का ठोस कारण अभी तक पता नहीं चल सका है, लेकिन यह जरूर कहा गया कि कुछ राज्य तय कोटे से ज्यादा बिजली ले रहे थे। इस वजह से लोड बढ़ा और ग्रिड फेल हो गया। ऐसे में पंजाब अब भी तय कोटे से ज्यादा बिजली ले रहा है। बुधवार दोपहर एक बजे तक पंजाब ने तय कोटे से 500 मेगावाट ज्यादा बिजली ले ली थी। ऐसे में डर है कि कहीं फिर से ग्रिड फेल न हो जाए। पूर्व ऊर्जा मंत्री सुशील कुमार शिंदे ने भी सोमवार को कहा भी था कि कोटे से ज्यादा बिजली लेने वाले राज्यों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।
लेकिन मोइली ने बुधवार को ऊर्जा मंत्रालय की कमान संभालते हुए कहा, 'मुझे चुनौतियां पसंद हैं, बिजली की आपूर्ति और ईंधन का मुद्दा बहुत संवेदनशील मामला है। समस्या कभी भी खड़ी हो सकती है मायने यह रखता है कि हम समस्या से कैसे निपटते हैं।' मोइली ने कहा कि बिजली आपूर्ति के मामले में अब हम काफी सक्षम हैं। हमने अपनी क्षमताओं को बढ़ाया है लेकिन यही सबकुछ नहीं है। हमें और काम करना है और इसलिए ही हम यहां हैं।
फिर ब्लैकआउट: 22 राज्यों की बिजली गुल, मोदी ने पीएम से मांगा जवाब
नए गृह मंत्री ने निकाली भड़ास, बोले - अमेरिका में तो चार दिन नहीं आती बिजली