इलाहाबाद. समुद्रकूप यानि समुद्र के पानी से बना कुंड। यह सुनने मे ज़रूर अजीब है पर यह सच है। इलाहाबाद मे एक ऐसा कुंआ है जो कई हज़ार साल पुराना है और सैकड़ों फीट गहरा है। पुराणों में यह वर्णन मिलता है कि इस कुंए मे सात समुद्रों का जल आकर मिलता है। वर्तमान में यह कूप गंगा के किनारे एक विशाल, उंचे टीले पर स्थित है।
इस कूप का व्यास लगभग 22 फीट है। यह कूप पत्थरों से बना है। इस कूप के जगत पर विष्णु का पदचाप एवं शिवजी की मूर्ति है। इस कूप को समुद्र कूप की संज्ञा दी गई है। समुद्रकूप का पूरा परिसर 10 से 12 फीट ऊंची ईंट की चहारदीवारी से घिरा है। समुद्रकूप के पास एक आश्रम भी है जहां यह वर्णन मिलता है कि द्वापर युग मे पांडव लाक्षागृह से बचने के बाद यहां आए थे।