फर्जी सीबीआई अधिकारी बन ठगने वाला गिरफ्तार

नई दिल्ली. खुद को सीबीआई का इंस्पेक्टर बताकर लोगों को ठगने वाले एक शख्स को दक्षिण पूर्वी दिल्ली जिला पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
लव कुमार नामक यह आरोपी लगातार शीतल प्रसाद नामक एक व्यवसायी से रुपयों की मांग कर रहा था। पुलिस ने लव कुमार के कब्जे से साढ़े चार लाख रुपए नगद, एक कंप्यूटर, छह मोबाइल फोन, एक वोटर कार्ड और एक सीबीआई का फर्जी आई कार्ड बरामद किया है। पुलिस ने इस आईकार्ड को तैयार करने वाले अनुराग नामक शख्स को भी गिरफ्तार किया है।
दक्षिण-पूर्वी जिले के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अजय चौधरी ने बताया कि 14 फरवरी को मीठापुर में सेकेंड हैंड आटो रिक्शा का व्यवसाय करने वाले शीतल प्रसाद ने शिकायत की थी कि उसने एक आटो रिक्शा नरेश कुमार नामक शख्स को बेचा था।
आटो रिक्शा बेंचने के कुछ दिनों बाद नरेश ने यह कहते हुए आटो रिक्शा वापस कर दिया था कि वह ठीक तरह से चल नहीं रहा है। नरेश लगातार शीतल प्रसाद से दिए गए रुपयों की मांग कर रहा था, लेकिन शीतल प्रसाद ने तुरंत रुपए देने में असमर्थता जाहिर कर दी।
जिसके बाद नरेश ने लव कुमार पांडेय नामक शख्स से शीतल प्रसाद का परिचय कराते हुए कहा कि लव सीबीआई में इंस्पेक्टर है। यदि वह उसके रुपए वापस नहीं करेगा तो वह उसे झूठे केस में फंसाकर गिरफ्तार करवा देगा। डर के चलते शीतल प्रसाद ने नरेश के रुपए वापस कर दिए।
कुछ दिनों बाद शीतल प्रसाद ने लव कुमार की मुलाकात राजू साजवान नामक शख्स से कराते हुए बताया कि राजू भी आटो रिक्शा की खरीद-ब्रिकी का काम करता है। उसका फाइनेंसर लंबे समय से उसके टीएसआर नहीं दे रहा है। जिस पर लव कुमार ने मामले को सुलझाने का आश्वासन देते हुए पांच लाख रुपए की मांग की।
जिसके बाद शिकायतकर्ता ने उसे 90 हजार रुपए का भुगतान कर दिया। कुछ समय के बाद लव कुमार शीतल प्रसाद से बीस हजार रुपए की मांग करने लगा। शक होने पर शीतलप्रसाद ने पुलिस को इस बाबत् शिकायत दे दी।
पुलिस ने लव को पकडऩे के लिए अपना जाल बिछाया और शीतलप्रसाद से लव को रुपए लेने के लिए बुलाने को कहा। तय डील के तहत लव कुमार शीतल प्रसाद की दुकान पर पहुंच गया। जहां पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।






