कांग्रेस का आंदोलन: बेकाबू हुई कांग्रेस, सीएम हाउस पर पत्थराव
भोपाल। दो विधायकों की सदस्यता समाप्ति और भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर राजधानी में लीली टॉकिज के पास प्रदर्शन कर रहे कांग्रेसियों पर पुलिस ने जमकर लाठी चार्ज किया। मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने जा रहे कांग्रेसियों को जब पुलिस ने रोकने की कोशिश की पत्थरबाजी शुरू हो गई।
गौरतलब है कि भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर युवा कांग्रेस का पहले विधान सभा को घेरने का कार्यक्रम रहा था, लेकिन इसी बीच मानसून सत्र के दौरान दो विधायकों चौधरी राकेश सिंह चतुर्वेदी और कल्पना परूलेकर की सदस्यता समाप्त करने की घटना से कांग्रेसी आक्रोशित हो गए। यही आक्रोश शुक्रवार को प्रदर्शन के दौरान नजर आया। नेताओं के भाषण के बाद युवक कांग्रेस कार्यकर्ता उग्र हो गए और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव दिग्विजय सिंह द्वारा फटकार लगाने के बाद भी वे नहीं रुके।
सारे कार्यकर्ता सीएम हाउस की तरफ कूच करने लगे, बैरिकेट फांदे तो पुलिस ने बल प्रयोग कर उन्हें रोकने की कोशिश की। इस दौरान कई राउंड आंसू गैस के गोले छोड़े गए। प्रदर्शनकारी और पुलिस दोनों ओर से जमकर पत्थरबाजी हुई। पुलिस ने कांग्रेसियों पर लाठियां भांजीं। पुलिस ने सभा स्थल खाली करवा दिया। भगदड़ में कई कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को चोटे आई हैं, जिन्हें शहर के जेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस दौरान पुलिस ने महिला कार्यकर्ताओं को भी नहीं छोड़ा और उन्हें घसीटते हुए ले गई।
इस दौरान कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कांतिलाल भूरिया, नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह, युवा कांग्रेस अध्यक्ष प्रियव्रत सिंह, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुरेश पचौरी, सज्जन सिंह वर्मा, मीनाक्षी नटराजन के साथ ही 250 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता डॉ.हितेश बाजपेई का कहना है कि ये कांग्रेसियों की दो गुटों की लड़ाई है, जिसके कारण इतनी अफरा-तफरी की स्थिति पैदा हुई है।
एडीएम उमाशंकर भार्गव ने बताया कि हिंसा को रोकने के लिए आंसू गैस छोड़ने और लाठी चार्ज करना पड़ा।






