बलात्कार मामले की गूंज बिहार में

पटना। दिल्ली में हाल ही में यौन हिंसा के खिलाफ़ उभरे भारी जनाक्रोश का असर बिहार में भी हुआ है. इस बाबत राज्य के कई हिस्सों में एक हफ़्ते से धरना-प्रदर्शन का सिलसिला जारी है. पटना में बुधवार को नागरिक समाज की पहल पर आयोजित प्रतिरोध जनसभा में वक्ताओं ने कहा कि यौन हिंसा की बढ़ती घटनाओं से इन दिनों बिहार भी आतंकित है. इस आयोजन में 'ऐपवा' और 'आइसा' नामक वाम छात्र-महिला संगठनों के अलावा साहित्यकारों, शिक्षकों, पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया. जनसभा में मुख्य रूप से दो बिंदुओं पर चर्चा ज़्यादा हुई. पहली मांग ये की गई कि संसद का विशेष सत्र बुलाकर यौन दुष्कर्मों के खिलाफ़ सख्त क़ानून पारित हो और समय-सीमा के भीतर ऐसे शत-प्रतिशत मामलों में सज़ा सुनाई जाए. दूसरी बात ये कही गई कि उन तमाम पितृ-सत्तात्मक आग्रहों का खुला विरोध हो, जो संस्कृति और सम्मान के नाम पर स्त्रियों की बढ़ती दावेदारी को रोकना चाहते हैं.








