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  • कमजोर मानसून चलते खरीफ फसलों की बुवाई घटी
    कमजोर मानसून के चलते खरीफ फसलो की बुवाई 3.2 फीसदी कम हुई। जिससे सबसे ज्यादा प्रभावित राइस और कॉटन है। गुरुवार तक उपलब्ध ऑकड़ो के अधार पर खरीक का कुल क्षेत्रफल 96.63 लाख हेक्टेयर रहा जो पिछले साल यह ऑकड़ा 99.80 लाख हेक्टेयर था। समान्य तौर पर पूरे देश में खरीफ फसलों का क्षेत्रफल 105.51 लाख हेक्टेयर है।
    August 29, 04:30
  • इंडोनेशिया से आ रही सस्ती रबड़ से घरेलू बाजार में गिरी कीमतें
      घरेलू बाजार में रबड़ की कीमतों को सीधी टक्कर विदेशी बाजार से मिल रही है। रबड़ से जुड़े उत्पाद बनाने वाली तमाम कंपनियों और छोटे बड़े व्यापारियों को घरेलू बाजार के मुकाबले विदेशों से रबड़ का आयात सस्ता पड़ रहा है। इसी के चलते घरेलू बाजार में मांग घटने से रबड़ की कीमतों में लंबे समय से गिरावट देखने को मिल रही है। बाजार के जानकारों का मानना है कि कीमतों में यह गिरावट आगे भी जारी रह सकती है।    देश - विदेश में रबड़ की कीमतें   स्टैंडर्ड इंडोनेशियाई रबर बाजार में 101-103 रुपए प्रति किलो...
    August 29, 01:32
  • कमजोर और मानसून के चलते तुअर की बुआई घटी
    तुअर की बुआई पूरे देश में 8.8 फीसदी घटी गुरुवार तक 33.4 लाख हेक्टेयर में बुआई हुई है पिछले साल 36.6 लाख हेक्टेयर में हुई थी महाराष्ट्र में तुअर का रकबा 10.2 फीसदी से घटकर 961,500 हेक्टेयर हुआ कर्नाटक में 17.5 फीसदी रकबा घटा, 656,000 में बुआई हुई गुजरात में 203,000 हेक्टेयर में तुअर की बुई हुई जो कि पिछले साल से 2 फीसदी कम मध्य प्रदेश में दाल का रकबा 6 फीसदी बढ़कर 552,000 हेक्टेयर हुआ कमजोर और मानसून में देरी से इन राज्यों में बुआई घटी देश में अबक तक सामान्य से 18 फीसदी कम बारिश हुई है
    August 26, 09:30
  • 6.7% बढ़ा कपास का रकबा, लेकिन कीमतों में बढ़ोतरी की उम्मीद
    मानसून के बदलते तेवरों के बावजूद देश में कपास की बुआई 6.7 फीसदी बढ़ गई है। दरअसल जुलाई के मध्य में मानसून की अच्छी बारिश हुई है जिससे कपास का रकबा बढ़ा है। गुरुवार तक देश के किसानों ने 118.8 लाख हैक्टेयर में कपास की बुआई की है पिछेल साल समान अवधि में 111.3 लाख हेक्टेयर में हुई थी।  पूरे खरीफ सीजन के लिए कपास का रकबा 114.5 लाख हेक्टेयर है। विशेषज्ञों के मुताबिक बुआई का रकबा बढ़ने के बावजूद कीमतों में तेजी देखने को मिंल सकती है।   क्या है जानकारों की राय   केडिया कमोडिटी के अजय केडिया के मुताबिक कपास की...
    August 29, 12:31
  • खराब मानसून की चपेट में ग्वार की 25 फीसदी फसल
    ग्वार की कीमतें पिछले 3 हफ्तों में करीब 30 फीसदी बढ़ी। 2014-15 के दौरान देश से ग्वार गम निर्यात पांच फीसदी से ज्यादा बढ़ने की संभावना है। मौजूदा वित्त वर्ष के पहले दो महीनों के दौरान ग्वार गम निर्यात में 22 फीसदी से ज्यादा की वृद्धि भी इस बात का संकेत दे रही है। साथ ही राजस्थान के व्यापरियों के मुताबिक राजस्थान में अनियमित बारिश से फसल को नुसान होने की संभावना है। जिसके कारण इस साल उत्पादन घट सकता है। लगभग 25% खेतों में खड़ी फसल पर संकट के बाद मंडरा रहा है। ग्वार के लिए आने वाला 10 दिन अहम रहेगा, बारिश नहीं...
    August 26, 05:54
  • MP: सोयाबीन की बुआई 10% घटी, दलहन की रिकॉर्ड बुआई
    कमजोर बारिश के बावजूद मध्य प्रदेश में बुआई पिछले साल के बराबर हुई है। मध्य जुलाई के बाद हुई जोरदार बारिश की वजह से किसानों ने तेजी से बुआई की जिससे बुआई का रकबा 123 लाख हेक्टेयर पहुंच गई है। हालांकि राज्य में सोयबानी की बुआई 10 फीसदी घट गई है। लेकिन खाद्यान्न, दालों और अनाज का रकबा बढ़ गया है। वहीं पिछले एक हफ्ते से मानसून एक बार फिर कमजोर पड़ गया है। 24 अगस्त को देश में 6 मिमी बारिश हुई है जो कि सामान्य से 24 फीसदी कम है। मध्य प्रदेश सोयाबीन का मुख्य उत्पादक राज्य है। बुआई घटने और देर तक बुआई होने से...
    August 26, 11:04
  • अगस्त में आ गया जून का महीना, बारिश होने के नहीं हैं आसार
    राजधानी लखनऊ में गर्मी से बचने के लिए गॉगल्स लगाकर निकलती लड़कियां (तस्वीर में)   चल रहा है ड्राई वेदर कंडीशन हर कोई गर्मी से है बेहाल    लखनऊ. सावन के बाद भी बारिश नहीं हो रही है। पिछले एक महीन से आसमान की ओर टकटकी लगाकर देखने वाले अब निराश हो रहे हैं। अभी तक केवल 42 फीसदी बारिश होने से लोग परेशान हैं। वहीं, दूसरी ओर राजधानी लखनऊ में लगातार हो रही बिजली कटौती ने भी लोगों की हालत खराब कर दी है।   मौसम विभाग का भी मानना है कि बारिश के लिए मानसून नहीं बन पा रहा है। शुक्रवार को भी दिन का...
    August 23, 05:57
  • खरीफ फसलों की बुआई घटी, गन्ने का उत्पादन घटना तय
    खरीफ फसलों की बुआई का काम लगभग अंतिम दौर में है, फिर भी बुआई पिछले साल के मुकाबले कम रही है। मध्य जुलाई के बाद हुई जोरदार बारिश से धान और कपास की बुआई पिछले साल के मुकाबले ज्यादा हुई है। लेकिन गन्ने की बुआई का रकबा घट गया है। इस सीजन में अब तक पूरे देश में 47.2 लाख हेक्टेयर में गन्ने की बुआई हुई है जो पिछले साल के मुकाबले 6.2 फीसदी कम है। कृषि मंत्रालय के ताजे आंकड़ों के मुताबिक गुरुवार तक पूरे देश में 935.1 लाख हेक्टेयर में खरीफ फसलों की बुआई हुई है जो कि पिछले साल के मुकाबले 4.2 फीसदी कम है। एक हफ्ते पहले तक...
    August 24, 01:49
  • खरीफ फसलों पर दोहरी मार, कहीं बाढ़ का कहर तो कहीं सूखे का प्रकोप
    मौसम विभाग का ताजा अनुमान है कि अगले तीन-चार दिनों में मानसून की चाल कमजोर पड़ने की उम्मीद है और इससे बाढ़ प्रभावित इलाकों में गन्ना और धान की फसल को राहत मिलेगी। इस साल मानसून में खरीफ फसलों की बुआई लगभग एक महीने की देरी से हुई है । पिछले साल के मुकाबले देश में खरीफ फसलों की बुआई 4.2 फीसदी कम हुई है। मराठवाड़ा, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 50-60 फीसदी कम बारिश दर्ज हुई है जिससे इन क्षेत्रों में कई जगह सूखे की स्थिति पैदा हो गई है।   वहीं उत्तर प्रदेश, असम, बिहार और राजस्थान...
    August 23, 11:09
  • इंपोर्ट ड्यूटी में इजाफा, 1 रु तक महंगी हो सकती है चीनी
    शुक्रवार को केन्द्र सरकार ने रॉ शुगर पर इंपोर्ट ड्यूटी 15 फीसदी से बढ़ाकर 25 फीसदी कर दी है। वहीं उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के गन्ना किसान और चीनी मिलें बकाया भुगतान को लेकर आमने-सामने है। साथ ही त्योहारी सीजन में मांग बढ़ने से चीनी की कीमत 50 पैसे से लेकर एक रुपए तक महंगी होने की संभावना है। हालांकि चीनी की कीमतें घरेलू और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सप्लाई और मांग पर निर्भर रहेगी। दरअसल इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 13 अगस्त को उत्तर प्रदेश के चीनी मिलों को अपने स्टॉक को बेच कर किसानों को पैसा देने...
    August 24, 01:49
  • जानिए, क्यों खराब मानसून के बाद भी सूखा घोषित करने से कतरा रही है सरकार
    देश में कहीं सूखा है तो कहीं बढ़ा और इन सबसे बीच फंसी है खरीफ फसल। देश में इस साल पिछले साल के मुकाबले 5.5 फीसदी कम बुआई हुई है। मराठवाड़ा, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 50-60 फीसदी कम बारिश हुई है फिर भी सरकार इन क्षेत्रों को सूखा ग्रस्त घोषित नहीं कर रही है। विशेषज्ञ और आईएमडी एग्रीमेट दोनो ही मान रहे है कि इस खरीफ सीजन में उत्पादन घटेगा। फसलों की बुआई देर से हुई है जिसके कारण उत्पादकता घटेगी। जुलाई के मध्य में बारिश ने रफ्तार पकड़ी और 43 फीसदी की कमी 16 फीसदी रह गया है। लेकिन पिछले दो...
    August 22, 12:07
  • कपास उत्पादन में चीन से आगे निकल सकता है भारत, कीमतों में दिखेगी तेजी
    चीन को पीछे छोड़ भारत दुनिया का सबसे बड़ा कॉटन उत्पादक देश बन सकता है। कॉटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया के मुताबिक 1 अक्टूबर से शुरु हो रहे नए सीजन में देश में कपास का उत्पादन 396.3 लाख बेल(एक बेल=170) होने का अनुमान है जो कि चालू सीजन के 400.5 लाख बेल से थोड़ा कम है। देर और धीमी गति से मानसून शुरू हुआ है जिसके चलते 2014-15 में कपास के उत्पादन का अनुमान घटा है। इस सीजन में अब तक सामान्य से 18 फीसदी कम बारिश हुई है। ये फासला मध्य जुलाई में 43 फीसदी था। कृषि मंत्रालय के मुताबिक देश में अब तक किसानों ने 116.9 लाख हेक्टेयर में बुआई...
    August 26, 03:03
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