दिल से
हिन्दी की जय हो
* हिन्दी बढ़ रही हैं और बढ़ती रहेगी, हिन्दी हैं हम वतन है हिंदुस्ता हमारा, हिन्दी की जय हो।
विवेक कुमार, बिहार
हिन्दी मेरी पहचान है
हिन्दी मेरी पहचान है, मेरा अभिमान है, अपनी भाषा की प्रगति के लिए हमें हर संभव प्रयास करना चाहिए।
गगन गुर्जर, रायसेन, मप्र
दिल की बात अपनी भाषा में कहें
हिन्दी मेरे दिल के बेहद करीब है और दिल की बात कहने के लिए इससे बेहतर भाषा और क्या हो सकती है।
हिन्दी हमारे दिलों को जोड़ती है
हिन्दी हमारे दिलों को जोड़ती है और संचार की सबसे बेहतर संप्रेषण के लिए इसका ज्ञान लाभदायक है।
प्रेमराम, सागर, मप्र
बढ़ी शान से बढ़ रही है हिन्दी
हिन्दी अन्य दूसरी भाषाओं के जानकार लोगों की जुबान पर भी अपना रंग दिखा रही है और बढ़ी शान से बढ़ रही है, देश के विकास में भाषा का भी उतना ही स्थान होता है जितना किसी और बात का।
विकास कुमार, जबलपुर
हिन्दी की बात ही निराली है
हिन्दी की बात ही निराली है और इसमें हिन्दी की बोली का देसी टोन मिल जाता है तो उस बात का अंदाज ही जुदा हो जाता है।
रजत अभिनव, पटना