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  • नए सीवीसी की तैयारी
    मुख्य केंद्रीय सतर्कता आयुक्त प्रदीप कुमार का कार्यकाल 28 सितम्बर को समाप्त हो रहा है। सतर्कता आयुक्त जेएम गर्ग का कार्यकाल भी इसके इर्द-गिर्द ही समाप्त होना है। इन दोनों पदों के लिए चयन प्रक्रिया का प्रस्ताव प्रधानमंत्री को भेज दिया गया है। लगता है, जैसे ही नेता विपक्ष के मसले पर स्पीकर का फैसला आएगा, पीएमओ का भी फैसला जाएगा। महिलाओं को प्राथमिकता बीजेपी की जो नई राष्ट्रीय कार्यकारणी बनने जा रही है, उसमें महिलाओं को प्राथमिकता मिलने की उम्मीद है। मीनाक्षी लेखी, सरोज पांडे, वाणी त्रिपाठी,...
    July 14, 09:46 AM
  • 'पी' से 'पूर्व'!
    बात उस समय की है, जब संसद का विशेष सत्र चल रहा था। सोनिया गांधी 10 जनपथ से संसद भवन के लिए निकलने को तैयार हुईं। कार में बैठते हुए उन्होंने अपने स्टाफ से पीएम से मिलने का समय लेने को कहा, कार में बैठीं और कार चल पड़ी। इसके थोड़ी देर बाद सोनिया गांधी को अहसास हुआ कि स्टाफ वालों ने पीएम मनमोहन सिंह से नहीं, बल्किपीएम नरेन्द्र मोदी से मिलने का समय मांग लिया होगा। सोनिया गांधी 10 बरस से मनमोहन सिंह को पीएम ही पुकारती रही हैं, आखिर पुरानी आदत जो है। अब सोनिया गांधी ने अपने स्टाफ को फिर फोन लगाने की कोशिश की,...
    June 30, 09:44 AM
  • फूल, फूल ना रहा
    ना जाने कब से प्रेमी फूल देकर अपनी प्रेमिका को मना लेता था। ना जाने कब से एक खास टेक्निक के बूते गुरसल नाम की छोटी-सी चिडिय़ा भैंस को लिटाती आ रही है। लेकिन सत्ता से नजदीकी की हसरत रखने वालों को मोदी सरकार में काफी परेशानी हो रही है। कई मंत्री गुलदस्ते तो दूर, फोन और एसएमएस भी स्वीकार नहीं कर रहे हैं। नेट इंटरनल एजेंसी यूपीए-2 का जमाना। इशरत जहां-डेविड हेडली मामला। 1980 के बैच के आंध्रा कैडर के एन आर वासन ने, जो उस समय नेशनल इंवेस्टिगेटिव एजेंसी (एनआईए) के अतिरिक्त महानिदेशक थे, फाइल पर आरएसएस शब्द को...
    June 16, 09:38 AM
  • दोस्त-दोस्त ना रहा...
    ब्यूरोक्रेट्स के टैलेंट का जवाब नहीं। बात पिछले साल की, यानी मनमोहन सिंह सरकार के दिनों की है। 10 जनपथ का नजदीकी मानकर एक दिन, बिन देखे पहचान कर, मनमोहन सिंह सरकार ने यूपी कैडर के रविन्द्र सिंह को संस्कृति मंत्रालय में सचिव का ओहदा अता फरमाया था, उनसे दो साल सीनियर संगीता गैरोला के स्थान पर। अब रविन्द्र सिंह ने 2015 में पड़ने वाली दीनदयाल उपाध्याय शताब्दी समारोह की तैयारी करने और उनकी विचारधारा पर बुकलेट्स तैयार करने का आदेश अपने जूनियरों को दे दिया है। इतना ही नहीं, हुजूर का इरादा राजीव गांधी...
    June 2, 09:24 AM
  • बड़ी खबर!
    कोई कुछ भी कर ले, राहुल गांधी की बराबरी नहीं कर सकता। अब देखिए, खबरों में आने के लिए नेता लोग क्या-क्या नहीं करते। कुछ को इस्तीफा देना पड़ता है, कुछ को धरना देना पड़ता है, कुछ को कुछ और करना पड़ता है। लेकिन राहुल गांधी अगर किसी डिनर से गैरहाजिर रह जाएं, तो भी खबर बन जाती है। हम बात कर रहे हैं मनमोहन सिंह की विदाई पर सोनिया गांधी द्वारा दिए गए डिनर की। इस ऐतिहासिक डिनर को राहुल गांधी की गैरहाजिरी ने और भी ऐतिहासिक बना दिया था। कांग्रेस सफाई देती रही कि वो तो पहले ही मिल कर चल गए थे। कहा गया कि राहुल...
    May 19, 10:24 AM
  • पांच गलतियां!
    प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के पूर्व मीडिया सलाहकार डॉ. संजय बारू की किताब पर हंगामा तो होना ही था, हुआ भी। लेकिन कई लोग मानते हैं कि एक तो इस किताब की बातें और उसे जारी करने का समय- दोनों चीजें घूम-फिरकर मनमोहन सिंह के पक्ष में गई हैं। पीएम जो बात पीएम रहते नहीं कह पाए, वे किताब ने कह दीं, और वही बातें बाद में शायद काम की भी साबित हो सकती हैं। एक वरिष्ठ नेता ने तो यहां तक कहा कि अब मनमोहन सिंह को आत्मकथा लिखनी चाहिए- मेरे जीवन की पांच गलतियां। अब ये पांच गलतियां कौन सी हैं? जवाब मिला- टू जी, थ्री जी, सोनिया...
    May 5, 09:45 AM
  • एकता प्रदर्शन
    भारतीय जनता पार्टी का घोषणापत्र। रिलीज तो हो गया, लेकिन खबर वैसी नहीं बन सकी, जैसी बनने की उम्मीद थी। ईमानदारी की बात ये है कि घोषणापत्र रिलीज न हो पाने की, या उसमें हो रही देरी की खबर ज्यादा चली थी। जब घोषणापत्र रिलीज हो रहा था, तो एक बड़े नेता को छोड़कर बीजेपी का सारा तारामंडल वहां मौजूद था। लेकिन इस नेता की गैरमौजूदगी भी खबर नहीं बन सकी। वो थे, अरुण जेटली, जो मोदी के नजदीकी माने जाते हैं। जेटली उस दिन अमृतसर से अपना नामांकन भर रहे थे। अगर उनकी जगह कोई मोदी आलोचक गैरहाजिर रहा होता, तो जरूर बड़ी खबर...
    April 21, 09:20 AM
  • बुलेट प्रूफ मंच से परहेज
    पटना रैली में हुए बम धमाकों के बाद से नरेंद्र मोदी की सुरक्षा को चुनौती बहुत साफ नजर आने लगी है। हाल ही में पकड़े गए तमाम आतंकवादियों से भी इसी की पुष्टि हुई है। इसके बावजूद दिल्ली की रैली के लिए मोदी ने बुलेट प्रूफ मंच का प्रयोग करने से इनकार कर दिया। रैली शाम की थी और बुलेट प्रूफ मंच दिन में ही तैयार हो गया था। लेकिन जब मोदी ने इसका प्रयोग नहीं किया, तो पार्टी ने भी यह बात सार्वजनिक कर दी। फूलों से प्रेम 1 अप्रैल उर्फ ऑल फूल्स डे नेताओं के लिए किसी वेलैंटाइन डे से कम नहीं रहा। 1 अप्रैल के शुभ अवसर...
    April 7, 09:20 AM
  • हेडलाइन्स निर्वाचन क्षेत्र
    लोकसभा चुनाव हो ही रहे हैं। हमारा मानना है कि कम से कम दो, बल्कि तीन और निर्वाचन क्षेत्र होने चाहिए। एक हो - हेडलाइन्स निर्वाचन क्षेत्र। दूसरा हो टीआरपी निर्वाचन क्षेत्र। और तीसरा हो सोशल मीडिया निर्वाचन क्षेत्र। जैसे पार्टी और जनता के बीच मोदी भले ही काफी आगे निकल गए हों, लेकिन हेडलाइन्स सीट में उनकी आडवाणी के साथ अभी कांटे की टक्कर चल रही है। तीन राउंड हो चुके हैं, चौथा कभी भी शुरू हो सकता है। जब गोवा में मोदी को चुनाव अभियान समिति का प्रमुख बनाया गया था, तो आडवाणी ने पहले अपनी गैरहाजिरी और अगले...
    March 24, 10:16 AM
  • सेन्सिबल बात
    आपको एक सेन्सिबल बात बताते हैं। वो यह कि जिस बात का कोई सेन्स न बताया जाए, न समझ में आए, वो बात पहले सेन्सिबल होती है, फिर नॉन सेन्स होती है, और समाप्त होने के बाद फिर सेन्सिबल हो जाती है। जैसे सरकार दागी सांसदों को बचाने का अध्यादेश लाई। सरकार की समझ से यह सेन्सिबल कदम था। राहुल गांधी प्रेस क्लब में आए, बाहें चढ़ाईं और उन्होंने इसे नॉन सेन्स करार दे दिया। सरकार को यह सेन्सिबल बात समझ में आई, और उसने बिना कोई कारण बताए अध्यादेश वापस ले लिया। फिर राहुल गांधी के पसंदीदा अध्यादेश जारी करने की नौबत बनी।...
    March 10, 10:46 AM
  • ...समय बड़ा बलवान
    रहिमन नर का क्या बड़ा...। वही पुराने हथियार थे, वही पुराना निशाना था। लेकिन सब फेल। खबर ये है कि स्नूपगेट कहे जाने वाले मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग ने नरेन्द्र मोदी को क्लीन चिट दे दी है और ये तब हुआ है, जब मोदी के खिलाफ गृह मंत्री के घोषित न्यायिक जांच आयोग की शोभा बढ़ाने के लिए सुप्रीम कोर्ट का कोई नया-पुराना जज अभी तक राजी नहीं हुआ है। मुफ्त हुए बदनाम! इस बार संसद में संसद तो संसद, राजनीति तक की जानी-मानी परम्पराएं धरी रह गईं। राजनीति का एक जाना-माना फंडा यह है कि जो भी राजनीति प्रसाद बैट-बॉल,...
    February 24, 09:30 AM
  • एडवांस तैयारी
    चुनावी समर तेज हो रहा है। बीजेपी के कुछ बड़े हथियार अभी आजमाए जाने बाकी हैं। इनमें से एक हैं डॉ. सुब्रह्मण्यम स्वामी। कांग्रेस भी स्वामी से निपटने के लिए पहले ही सक्रिय हो चुकी है। कांग्रेस के कैप्टन सतीश शर्मा और अपोलो हॉस्पिटल के चैयरमैन डॉ. प्रताप सी. रेड्डी 26 जनवरी को चर्चित तांत्रिक चंद्रास्वामी से मिले। एजेंडा सीधा सा था- चंद्रास्वामी डॉ. सुब्रह्मण्यम स्वामी पर अंकुश लगाएं। कम से कम निजी हमले करने से रोक लें। इस मुलाकात का क्या असर रहा, यह आने वाले कुछ दिनों में स्पष्ट हो जाएगा। एडवांस...
    February 10, 09:59 AM
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