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अहमद पटेल

  • अहमद पटेल बोले: नोटबंदी कामयाबी थी तो अटलजी ने क्यों नहीं दोहराई; मोदी कहा था- इंदिरा ने की थी 37 साल पहले गलती
    Last Updated: December 17 2016, 18:07 PM

    नई दिल्ली. कांग्रेस नेता अहमद पटेल ने कहा है कि अगर नोटबंदी कामयाबी थी अटल बिहारी वाजपेयी ने 1978 में इसे दोहराया क्यों नहीं? बता दें कि नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को इंदिरा गांधी पर नोटबंदी में विफल रहने का आरोप लगाया था। पटेल ने शनिवार को मोदी के इसी आरोप का जवाब देते हुए कहा कि कुछ लोगों को इतिहास की सही जानकारी नहीं है। पटेल ने किए कई ट्वीट...   - मोदी के इंदिरा गांधी पर नोटबंदी की सलाह ठुकराने का आरोप लगाने के बाद अहमद पटेल ने शनिवार को कई ट्वीट किए। बता दें कि अहमद पटेल सोनिया गांधी के पॉलिटिकल एडवाइजर भी हैं।  - पटेल ने आरोप लगाया कि केंद्र ब्लैकमनी को बढ़ावा दे रहा है। पटेल ने कहा कि उनकी पार्टी नोटबंदी के खिलाफ है।  - पटेल ने ट्वीट में लिखा- राजेंद्र बाबू से इंदिरा जी और डॉक्टर सिंह तक, हम हमेशा नोट बैन के खिलाफ रहे हैं। लेकिन कुछ लोगों को यू टर्न की आदत है। इन्हें हिस्ट्री सही तरीके से पढ़ लेनी चाहिए।  - पटेल ने आगे लिखा, 1978 में वाजपेयी उस टीम में शामिल थे जिसने एक हजार के नोट को बंद करने का फैसला किया था। जब वो पीएम बने तो इस नोट को फिर चालू कर दिया गया। क्या इसे देश से ऊपर पार्टी का मामला नहीं समझा जाना चाहिए।  - पटेल ने ये भी कहा कि एक और दो हजार के नोटों का मामले एनडीए वन और एनडीए टू में हुए। सवाल ये है कि ब्लैकमनी को कौन प्रमोट कर रहा है?     क्या कहा था मोदी ने? - मोदी ने शुक्रवार को बीजेपी पार्लियामेंट्री पार्टी की मीटिंग में कहा था- '1971 में वांछू कमेटी ने इंदिरा गांधी को भी नोटबंदी की सलाह दी थी, लेकिन उन्होंने रिपोर्ट को दरकिनार कर दिया था। इससे देश को भारी नुकसान हुआ।'' - मोदी ने कहा था, ''एक किताब में इस बात का जिक्र है। उस वक्त के वित्तमंत्री वाईबी चव्हाण ने इस प्रस्ताव के बारे में कहा था तो इंदिरा गांधी ने देखा और फिर एक ही सवाल पूछा- क्या कांग्रेस को आगे चुनाव नहीं लड़ना है? चव्हान को मैसेज मिल गया था। बताइए देश बड़ा, या दल बड़ा?'' - ''जो काम 1971 में किया होता तो देश को भारी नुकसान नहीं होता।' - ''कम्युनिस्ट पार्टी ने बंगाल में कांग्रेस से समझौता किया, मुझे लगा कि वे ममता बनर्जी को हटाने के लिए ऐसा कर रहे हैं। लेकिन इस बार सदन में जो व्यवहार रहा है, इससे लगता है कि कम्युनिस्ट पार्टी ने विचारों से समझौता कर लिया है।'' - ''वांछू कमेटी की रिपोर्ट पर कम्युनिस्ट नेताओं के बयान को आज के वाम नेताओं को पढ़ना चाहिए।'' 

  • कांग्रेस का नया प्लान, मोदी पर करेगी पर्सनल अटैक, उठाएगी डिग्री का मुद्दा
    Last Updated: May 09 2016, 11:35 AM

    नई दिल्ली। अगस्ता वेस्टलैंड मामले में लगातार गांधी परिवार पर हो रहे हमलों का जवाब देने के लिए कांग्रेस ने पीएम नरेंद्र मोदी को घेरने का प्लान बनाया है। कांग्रेस अब गुजरात से जुड़े मुद्दे और डिग्री मसले को उठा कर पीएम पर सीधा अटैक करने की तैयारी में है। GSPC का मुद्दा उठाएगी कांग्रेस -मीडिया की खबरों के मुताबिक कांग्रेस की स्ट्रेटेजी गुजरात स्टेट पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (GSPC) में कथित मिस मैनेजमेंट के मुद्दे को उठाने की है। -कांग्रेस सरकार के सामने यह मुश्किल शर्त रख सकती है कि या तो GSPC मुद्दे पर चर्चा कराई जा जाए या फिर सदन की कार्रवाई में बाधा झेलने के लिए सरकार तैयार रहे। - कांग्रेस के सीनियर नेता के मुताबिक यह वॉर जैसी सिचुएशन है। हमने इससे पहले बदले की भावना के साथ काम करने वाली सरकार नहीं देखी है। गांधी परिवार पर झूठे आरोप लगाकरवो कांग्रेस पार्टी को खत्म करना चाहते हैं। पर्सनल अटैक को तैयार है कांग्रेस -अब तक कांग्रेस सरकार की पॉलिसी, फैसले और गवर्नेंस जैसे मुद्दे उठाती रही है। पीएम पर कोई पर्सनल अटैक उसने नहीं किया है। -लेकिन सदन में सोनिया, राहुल और अहमद पटेल जैसे नाम लिए जाने पर कांग्रेस को लगता है कि उसे अपने हमलों की धार तेज करनी पड़ेगी। -संसद की कार्रवाई में बाधा डालने पर पब्लिक क्रिटिसिज्म से बचने के लिए कांग्रेस ने बजट सेशन में ललित गेट और व्यापमं स्कैम जैसे मुद्दे छोड़ दिए थे लेकिन अब कांग्रेस पर्सनल अटैक करने के लिए तैयार है। पीएम की डिग्री का मुद्दा -डिग्री मुद्दे पर आम आदमी पार्टी पीएम पर बढ़चढ़ कर हमले कर रही है वहीं कांग्रेस ने यह मुद्दा नहीं उठाया। -कांग्रेस अब डिग्री मुद्दे को सदन में उठाने का प्लान बना रही है। -एक सीनियर कांग्रेस नेता ने कहा, अगर यह किसी एमपी या एमएलए से जुड़ा मामला होता तो यह इतना बड़ा मुद्दा नहीं था लेकिन यह पीएम की तरफ से सीक्रेसी का मामला है। अगर वह डिग्री को लेकर झूठ नहीं बोल रहे हैं तो उन्हें यह दिखानी चाहिए।; -कांग्रेस का दावा है कि यह मुद्दा सबसे पहले गुजरात की कांग्रेस यूनिट ने उठाया था।

  • BJP बोली-एंटनी ने हेलिकॉप्टर डील पर उठाए थे सवाल, 2 नेताओं के चलते वे पीछे हटे
    Last Updated: May 01 2016, 13:23 PM

    नई दिल्ली/तिरुअनंतपुरम. 3600 करोड़ रुपए की हेलिकॉप्टर डील में करप्शन के मामले में अब बीजेपी एके एंटनी के जरिए कांग्रेस पर निशाना साधेगी। बीजेपी ने कहा है कि यूपीए की सरकार में डिफेंस मिनिस्टर रहे एंटनी ने इस डील पर सवाल उठाए थे, लेकिन उन पर ध्यान क्यों नहीं दिया गया? इस बीच, डिफेंस मिनिस्टर मनोहर पर्रिकर ने कहा है कि वे बुधवार को संसद में बयान देंगे और इस डील से जुड़े सारे फैक्ट्स को सिलसिलेवार तरीके से पेश करेंगे। सरकार रिश्वतखोरी के गुनहगारों को नहीं बख्शेगी। बीजेपी बोली- 2 नेताओं के चलते एंटनी को पीछे हटना पड़ा... - बीजेपी स्पोक्सपर्सन जीवीएल नरसिम्हा राव ने कहा, एंटनी ने अगस्ता वेस्टलैंड हेलिकॉप्टर के विदेश में ट्रायल को लेकर सवाल उठाए थे। ये बात CAG की रिपोर्ट में भी सामने आई है। - राव के मुताबिक, एंटनी ने तब कहा था कि इस बात की क्या गारंटी है कि विदेश में ट्रायल होना बेहतर होगा? भारत में ट्रायल क्यों नहीं करते? फॉरेन में ट्रायल की परमिशन नहीं दी जा सकती। लेकिन अज्ञात वजह से एंटनी नरम पड़ गए। - एंटनी के सवालों को दरकिनार कर अगस्ता हेलिकॉप्टर का विदेश में ट्रायल करा लिया गया। - नरसिम्हा राव के मुताबिक, एंटनी को कांग्रेस के दो नेताओं सोनिया गांधी और पॉलिटिकल सेक्रेटरी अहमद पटेल के चलते पीछे हटना पड़ा। - इस मामले में एयर चीफ एसपी त्यागी पर रिश्वत लेने के मामले में पूछताछ हो सकती है। त्यागी पर आरोप है कि उनके तीन कजिन्स ने उनके नाम पर रिश्वत ली। बीजेपी ने कहा- एंटनी को किसने किया खामोश? - नरसिम्हा राव के मुताबिक, कौन यूपीए सरकार में था और कौन कांग्रेस में? - सोनिया और पटेल के पास अथॉरिटी थी कि वे एंटनी के ऑब्जेक्शंस को दरकिनार कर सकें। - सिर्फ एक शख्स ही एंटनी को खामोश रहने के लिए बोल सकता है और वो सोनिया गांधी थीं। - नरसिम्हा राव के मुताबिक, सरकम्सटेंशियल एविडेंस इस बात की ओर इशारा करते हैं कि कांग्रेस के कुछ कद्दावर नेता इस डील के पीछे थे। हेलिकॉप्टर की कीमत भी ज्यादा लगाई गई थी - नरसिम्हा राव के मुताबिक, सरकार ने हेलिकॉप्टर की जो प्राइस तय की थी, वो ऑफर प्राइस से कहीं ज्यादा थी। - इसके लिए सरकार ने किसी तरह की बातचीत के रास्ते ही बंद कर दिए थे। - इस स्कैम के पीछे अगर कोई है तो वो सोनिया गांधी और अहमद पटेल हैं। जेटली ने क्या कहा? - केरल में अरुण जेटली ने भी कहा, विरोध करने वाले को रिश्वत लेने वालों के प्रभाव के चलते रोका गया। - हेलिकॉप्टर डील में रिश्वत ली गई, इसमें किसी को कोई संदेह नहीं है। - हम रिश्वत लेने की पहचान करने की कोशिश में लगे हुए हैं। पूर्व एयरचीफ से होगी पूछताछ - 3600 करो़ड़ की हेलिकॉप्टर डील में पूर्व एयरचीफ एसपी त्यागी पर भी रिश्वत लेने का आरोप लग रहा है। - बताया जा रहा है कि त्यागी के तीन कजिन्स ने उनके नाम पर रिश्वत ली। - अगले हफ्ते एन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ईडी) त्यागी से पहली बार पूछताछ करेगा। - ईडी सूत्रों के मुताबिक, हम त्यागी और उनके तीनों कजिन्स संजीव, राजीव और संदीप से पूछताछ का प्लान कर रहे हैं। - तीनों कजिन्स पर आरोप है कि उन्होंने वीवीआईपी चॉपर की सर्विस सीलिंग को 6 हजार मीटर से 4500 मीटर करवाया। - बता दें कि 2015 में ईडी त्यागी के कजिन्स की 6.2 करोड़ की प्रॉपर्टी को अटैच कर चुकी है। सरकार ने कहा- मोदी ने नहीं की इटली से कोई डील - दूसरी ओर, केंद्र ने अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलिकॉप्टर डील पर बड़ा बयान दिया है। इसमें कहा गया है कि नरेंद्र मोदी ने इस मामले में इटली से कोई डील नहीं की। सरकार का कहना है कि असली मुद्दा तो करप्शन है। - शुक्रवार रात जारी स्टेटमेंट में सरकार ने कहा- जो लोग प्रधानमंत्री को कामयाब होते नहीं देख पा रहे हैं वो ही उन पर सौदे की तरफ इशारा कर रहे हैं। लेकिन इसका सच्चाई से कोई लेना-देना नहीं है। क्योंकि प्रधानमंत्री ने कोई सौदा या डील की ही नहीं है। - सरकार ने कहा, हमने सच्चाई को सामने लाने के लिए सही कदम उठाए हैं और इस मामले में जो भी दोषी हैं उन्हें कानून के दायरे में लाया जाएगा। इस मामले में कोई भी कसर बाकी नहीं रखी जाएगी और न ही किसी को बख्शा जाएगा। - आरोपी चाहे देश के हों या बाहर के, जांच एजेंसियां उन्हें कानून के हवाले जरूर करेंगी। आगे की स्लाइड्स में पढ़ें- क्या है पूरा अगस्ता हेलिकॉप्टर मामला और क्यों 40 फाइलें खंगाल रहे पर्रिकर..

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