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मीडिया बन रहा है हमारे लोकतंत्र के लिए खतरा

Bhaskar News Network | Oct 19, 2016, 02:30 AM IST

मीडिया बन रहा है हमारे लोकतंत्र के लिए खतरा
कई विशेषताएं होती हैं, जो अच्छे लोकतंत्र को रेखांकित करती हैं और शायद ऐसी किसी व्यवस्था की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता स्वतंत्र प्रसार माध्यम यानी मीडिया होता है, जिसके जरिये लोग बिना किसी भय के अपनी राय जाहिर करते हंै। कश्मीर घाटी की ग्रीष्म ऋतु को दुस्वप्न जैसी बनाने वाली कई घटनाओं और भारत व पाकिस्तान के बीच अंतरराष्ट्रीय स्तर के तनाव की पृष्ठभूमि में हमने हमारे मीडिया को सक्रिय भूमिका निभाते देखा। पिछले कुछ माह में जो कुछ भी हुआ वह खौफनाक है, लेकिन इससे भी कटु वास्तविकता है,जो भारतीय लोकतंत्र की लोकतांत्रिक सतर्कता व सावधानी का आह्वान कर रही है।

टीवी पर सबसे ज्यादा देखे जाने वाले पत्रकार श्रीमान अर्नब गोस्वामी इस हावी होने वाली पत्रकारिता के कुल-कलश हैं। हर दिन शाम 9 बजे वे एक घंटे की अदालत लगाते हैं, जिसे बहस का चोला पहनाया जाता है। वे अपनी संहिता तय कर देते हैं और यह सुनिश्चित करते हैं कि वे जिस भी दलील के पक्षधर हैं, उसका अर्थ उनकी सोच के अनुसार निकाला जाए। व्यक्तिगत रूप से मैं उस अत्यंत छोटे अल्पमत से हूं, जो सर्जिकल स्ट्राइक के विचार से बहुत ज्यादा उत्साहित नहीं हैं। मैं यह भी मानता हूं कि नेहरू के जमाने से भारत की एक कश्मीर नीति रही है, जबकि राज्य में सामाजिक-आर्थिक बाधाएं दूर करने के लिए ज्यादा कुछ नहीं किया गया है। किंतु श्रीमान गोस्वामी और मीडिया के ही हमारे कुछ अन्य मित्रों को उन दलीलों के लिए न तो धैर्य है, न सम्मान और न वे उस पर कोई विचार करना चाहते हैं। जहां एमएनएस जैसे दल खुलेआम हिंसा को बढ़ावा देकर, उसमें लिप्त होकर संवैधानिक अधिकारों को खतरे में डालते हैं, वहीं एकतरफा दलीलों का माहौल उन्हें प्रोत्साहन देता है। स्वतंत्रता के 65 से ज्यादा वर्षों में भारत को लोकतांत्रिक ढांचे के साथ लगातार लोकतंत्र कायम रखने का श्रेय है। जबकि हमारा पड़ोसी पाकिस्तान इन सब से निपटने में नाकाम रहा है। अब लोकतंत्र के रूप में प्रगति की दिशा में मीडिया केंद्रीय तत्व है। इसके लिए हमें ऐसे किसी को महत्व देना बंद कर देना चाहिए, जो विपक्ष को किसी भी प्रकार की प्रासंगिकता नहीं देना चाहता।

अभिषेक रखेजा, 20

एडिनबरा यूनिवर्सिटी, यूके

facebook.com/AbiRakheja

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Web Title: मीडिया बन रहा है हमारे लोकतंत्र के लिए खतरा
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

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