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पुलिस ने मामले को कर दिया था रफा दफा, कोर्ट ने कहा गिरफ्तार करो

Bhaskar News | Feb 22, 2013, 01:28 AM IST

पुलिस ने मामले को कर दिया था रफा दफा, कोर्ट ने कहा गिरफ्तार करो


रांची. झारखंड कॉमर्स कॉलेज में 74 लाख रुपए के गबन के आरोप में एसीजेएम शिवपाल पाल सिंह ने पूर्व डिप्टी सीएम सुदेश महतो के ससुर डॉ यूसी मेहता समेत छह लोगों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है। डॉ मेहता के अलावा जिन पांच लोगों के खिलाफ वारंट जारी हुआ है उनमें राजकिशोर मेहता, कामता प्रसाद, रामचंद्र कुमार, मोतीलाल महतो और श्याम सुंदर राम शामिल हैं। कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डेगलाल वादी हैं।

झारखंड कॉमर्स इंटर कॉलेज डुमरी के पूर्व प्राचार्य डेगलाल राम ने कॉलेज के गर्वनिंग बॉडी के सचिव डॉ यूसी मेहता, प्राचार्य राजकिशोर मेहता के अलावा कॉलेज के शिक्षक और कर्मचारी पर महाविद्यालय की राशि गड़बड़ी कर गबन का न सिर्फ आरोप लगाया, बल्कि डुमरी थाना में कांड 20/11 दफा 406, 408, 409, 120बी भादवि के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई। जिसमें सरकारी अनुदान से कॉलेज को मिले 74 लाख रुपए गबन का आरोप लगाया।

प्राथमिकी के बाद पुलिसिया अनुसंधान और सुपरविजन रिपोर्ट के मुताबिक मामला असत्य पाया गया। साथ ही अनुसंधानकर्ता ने मामले को असत्य पाते हुए न्यायालय में अंतिम रिपोर्ट पेश की थी। सूचक डेगलाल राम ने आरोपियों की राजनीतिक पहुंच का अंदेशा जताते हुए पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ विरोध पत्र दाखिल किया था। इसी पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने गैर जमानती वारंट जारी किया।

अग्रिम जमानत भी नामंजूर

इसके पूर्व अभियुक्तों ने जनवरी 2013 में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश गितेंद्र कुमार सिंह की अदालत में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी संख्या 61/13 लगाई थी। उनकी अर्जी पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी थी। इधर,आरोपियों के अधिवक्ता विनय बक्सी ने कहा कि इस मामले को लेकर वे हाईकोर्ट जाएंगे। वहां अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर करेंगे।

मेहता अभी मारवाड़ी कॉलेज के हैं प्राचार्य

गबन के आरोपी डॉक्टर यूसी मेहता वर्तमान में मारवाड़ी कॉलेज रांची के प्राचार्य के पद पर कार्यरत हैं। वहीं राजकिशोर मेहता अभी झारखंड कार्मस कॉलेज डुमरी में प्रभारी प्राचार्य हैं। दोनों से कोर्ट के फैसले के बाद मोबाइल पर संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। मोबाइल पहुंच से बाहर बता रहा था।

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Web Title: Police had to dismiss, the Court Arrest
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)
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