दीवाली तीन मौकों के लिए याद रहती है, पहली रामचंद्र की घर वापसी, दूसरी बोनस और सबसे महत्वपूर्ण गिफ्ट के पैक में घूस के कारण। अगर तीसरा कारण न रहे तो हर बड़े आदमी की दीवाली काली।
एक दशक पहले यह कोई नहीं सोच सकता था कि भारतीयों की दीवाली इस कदर भी जगमगाएगी लेकिन बीते सालों में पूरा सीन ही बदल गया है। बीते एक साल में आर्थिक मोर्चे पर जो सफलताएं भारत ने हासिल की हैं, उतनी तो बीते दो दशकों में भी नसीब नहीं हुई थीं।
इस बार दीवाली पर ‘बॉलीवुड बम’ भी आतिशबाजों को रिझाने के लिए मार्केट में है। बम दो वैरायटियों में है। नंबर 1- पुरानी बोतल में नई शराब है तो नंबर 2 की खूबी है नई बोतल में पुरानी शराब। तो चुनिए अपनी पसंद ‘ओम शांति ओम’ या ‘सांवरिया’..
अगर दीवाली से एक दिन पहले छोटी दीवाली पर ताबड़तोड़ आतिशबाजी हो तो समझ लीजिएगा कि इंडियन क्रिकेट टीम ने देश भर को तोहफा दे दिया है। जी हां, मोहाली में 8 तारीख को भारत और पाक के बीच दूसरा वनडे है और दीवाली है 9 तारीख को।