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Twenty20 Worldcup2007 Twenty20 Worldcup2007
जोहानिसबर्ग: टेस्ट मैचों और वन डे में सर्वाधिक रनों का विश्व रिकार्ड अपने नाम करने वाली श्रीलंकाई टीम ने अपनी यह ख्याति ट्वंटी में भी बरकरार रखी। ट्वंटी20 विश्वकप में ग्रुप सी के अपने पहले मैच में विश्वकप उपविजेता टीम ने पहले खेलते हुए 20 ओवरों में 260 रन बनाकर ऑस्ट्रेलिया का 9 माह पुराना कीर्तिमान भंग कर दिया, जिसने 7 जनवरी 2007 को सिडनी में इंग्लैंड के खिलाफ 221 रन बनाए थे।
इससे पहले कीनिया के कप्तान स्टीव टिकोलो का टॉस जीतकर श्रीलंका को पहले बल्लेबाजी करना मुसीबत को न्यौता देना साबित हुआ। पिछले कुछ समय लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही लंका की टीम अनुभवी बल्लेबाज सनथ जयसूर्या की अगुवाई में कीनिया गेंदबाजों पर हमला ही बोल दिया। पूरे सनथ जयसूर्या ने अपनी ख्याति के अनुरूप सिर्फ 44 गेंदों पर 88 रनों की पारी खेली। उन्होंने कुमारा संगाकारा(30) के साथ दूसरे विकेट के लिए 75 रन जोड़े।
संगाकारा के बाद कप्तान महेला जयवर्धने के क्रिज पर आने के बाद दोनों बल्लेबाजों में चौकों छक्कों की होड़ लग गई। जयवर्धने कुछ ज्यादा ही आक्रमक रुख दिखाया। वे सिर्फ 1 गेंद से बांग्लादेश के मोहम्मद अशरफुल का सबसे तेज अर्धशतक का रिकार्ड तोड़ने से चूक गए। उन्होंने 27 गेंदों में 65 रनों की कातिलाना पारी खेली। इन दोनों के बाद जयंत मुबारक ने अंतिम ओवरों में कीनियाई गंेदबाजों का मानमर्दन जारी रखा। इस खिलाड़ी ने कुटाई में जयसूर्या और जयवर्धने को भी पीछे छोड़ते हुए सिर्फ 13 गेंदों पर 46 रन ठोक डाले। ओवर खत्म होने के कारण वे सबसे तेज अर्धशतक पूरा करने के गौरव से चुक गए, लेकिन उन्होंने अपनी टीम को क्रिकेट की तीसरी अंतर्राष्ट्रीय विधा में भी विश्व रिकार्ड स्थापित करने में मदद की।