Web Vishesh
Himachal Vidhansabha Chunav Himachal Vidhansabha Chunav शिमला.
कांग्रेस को पिछले विधानसभा चुनाव में रोड शो के जरिए सत्ता दिलाने वाली सोनिया गांधी इस बार हिमाचल में रोड शो नहीं करेंगी। वे चुनावी रैलियों के जरिए ही प्रदेश की जनता पर जादू चलाएंगी।
प्रदेश कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के मद्देनजर जो कार्यक्रम तय किया है उसमें रोड शो का कहीं कोई जिक्र नहीं है। प्रदेश कांग्रेस ने प्रस्तावित कार्यक्रम को मंजूरी के लिए आलाकमान को भेजा दिया है। सोनिया गांधी ने वर्ष 2003 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा सरकार को सत्ता से बाहर कर कांग्रेस को काबिज करने के लिए रोड शो किया था। सोनिया के इस रोड शो के दम पर कांग्रेस ने कांगड़ा जिले की 16 में से 13 सीटें जीती थीं।
मेजर मनकोटिया के पार्टी छोड़ने और पूर्व परिवहन मंत्री जीएस बाली के बर्थ-डे प्रकरण से कांग्रेस को जो डैमेज हुआ है उसे कंट्रोल करने के लिए सोनिया गांधी कांगड़ा से ही चुनाव प्रचार शुरू करेंगी। कार्यक्रम के तहत कांगड़ा में सोनिया की तीन बड़ी रैलियां प्रस्तावित हैं। इसके बाद यूपीए अध्यक्ष प्रदेश के अन्य जिलों में भी रैलियां करेंगी।
उनकी रैलियों का फोकस लोअर हिमाचल ही रहेगा। इस बार चुनाव में कांग्रेस को भाजपा के अलावा बसपा से भी निपटना होगा। उनके लिए मेजर मनकोटिया सबसे बड़ी समस्या होंगे। ऐसे में केंद्र की यूपीए सरकार में सहयोगी बसपा पर निशाना साधना सोनिया गांधी के लिए मुश्किल होगा। उधर, बसपा सत्तारुढ़ कांग्रेस सरकार पर जमकर हमला बोलेगी।
क्या होंगे चुनावी मुद्दे चुनाव में कांग्रेस चुनाव प्रचार में भाजपा की राष्ट्रीय स्तर पर नेतृत्व की कमजोरी को प्रदेश में हवा देगी। अटल-अडवाणी में व्याप्त दूरियों को जनता के सामने रखकर कांग्रेस के लिए समर्थन हासिल करने की रणनीति रहेगी। कांग्रेस शासन के दौरान प्रदेश में हुए विकासकार्यों को चुनाव प्रचार में अहम स्थान दिया जाएगा।
सोनिया गांधी का चुनाव कार्यक्रम प्रदेश कांग्रेस की ओर से मंजूरी के लिए आलाकमान को भेज दिया गया है। कांग्रेस आलाकमान इस प्रोग्राम को फाइनल करेगी।
—विप्लव ठाकुर, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष