सैकंड हैंड इकोनॉमी / हर साल 1 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का पुराना सामान खरीदा जा रहा

  • एसोचैम के अनुसार ऐसे संगठित बाजार में 5 प्रतिशतसालाना ग्रोथ हो रही है
  • दिल्ली और बेंगलुरु में सर्वाधिक मांग,दो बड़े प्लेटफॉर्म पर हर माह आ रहे 8 करोड़ लोग

Dainik Bhaskar

Aug 25, 2019, 04:02 PM IST

मुंबई (विनोद यादव).हाल ही में सेकंड हैंड सामान बेचने-खरीदने वाले एप ओएलएक्स पर पहली बार एमजी हेक्टर कार बिकने आई। रोचक ये है कि नई गाड़ी की उपलब्ध्ता नहीं होने के कारण इसकी वास्तविक कीमत से भी 3 लाख रु. ज्यादा मांगा गया। यह तो एक बानगी है, सेकंड हैंड गुड्स के प्रति दीवानगी देश में तेजी से बढ़ी है। इस समय देश में सेकंड हैंड गुड्स मार्केट सालाना 5% की दर से वृद्धि कर रहा है।

भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग मंडल (एसोचैम) के उपाध्यक्ष निरंजन हीरानंदानी बताते हैं कि वर्तमान में देश में यूज्ड सामानों का संगंठित बाजार एक लाख 23 हजार करोड़ रु. से अधिक है। अब तक इनफॉर्मल माना जाने वाला यह मार्केट देश में फॉर्मल होने की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है। फ्लिपकार्ट के यूज्ड गुड्स प्लेटफार्म ‘2 गुड’ के हेड चाणक्य गुप्ता बताते हैं कि इलेक्ट्रॉनिक्स एडं अप्लायंसेज और फर्नीचर इन दो कैटेगरी के सामानों की बिक्री में हर तिमाही में 20% की वृद्धि देखी जा रही है। क्विकर के प्रवक्ता ने बताया कि उन्होंने अपने प्लेटफार्म पर किचन अप्लायंसेज में 137%, रेफ्रिजरेटर 87%, मोबाइल एसेसरीज एंड टैबलेट में 60% की ग्रोथ देखी है।

दिल्ली और बेंगलुरु में रहती है सर्वाधिक मांग
अमेजन इंडिया के डायरेक्टर, सेलर सर्विसेज विवेक सोमारेड्डी ने कहा, दिल्ली और बेंगलुरु में रिन्यूड उत्पादों की अधिक मांग रहती है। अमेजन इंडिया पर आने वाले कुल ऑर्डर में से 70% ऑर्डर टियर-2 और टियर-3 शहर से रहते हैं। अमेजन पर स्मार्टफोन, लैपटॉप और हेडफोन जैसे रिफर्बिश्ड सामानों की मांग अधिक रहती है। क्विकर के अनुसार भी दिल्ली के सर्वाधिक लोग रि-यूज्ड सामान खरीदने आते हैं। इसके बाद बेंगलुरु और हैदराबाद के लोगों का नंबर आता है। यहां के 41% लोग रि-यूज्ड सामान खरीद रहे हैं।

दो बड़े प्लेटफॉर्म पर हर माह आ रहे 8 करोड़ लोग
ओएलएक्स का कहना है कि उनके प्लेटफार्म पर हर महीने करीब 5 करोड़ लोग आते हैं। इसमें कार कैटेगरी में एक करोड़ यानी लगभग 20% लोग विजिट करते हैं। ओएलएक्स के अनुसार सेकंड हैंड कार की डिमांड 15% बढ़ी है। क्विकर पर हर महीने 3 करोड़ लोग विजिट करते हैं। यह संख्या लगातार बढ़ रही है।

सेकंड हैंड सामान की बिक्री बढ़ने की प्रमुख वजह

  • यूज्ड सामानों की कीमत ओएलएक्स और क्विकर जैसे प्लेटफॉर्म पर 30 से 60 प्रतिशत तक कम होती है।
  • ऑनलाइन कंपनियां यूज्ड व रिफर्बिश्ड गुड्स की क्वालिटी के बारे में ग्राहकों की शंका को डोरस्टेप, अशोर्ड सर्विसेज और वारंटी के माध्यम से दूर करने में काफी हद तक सफल रहीं।
  • ऑनलाइन कंपनियां सेकंड हैंड या रिफर्बिश्ड सामान पर भी गारंटी दे रही हैं।
  • टी-2, टी-3 शहरों के लोगों की मांग की सटीक जानकारी होना और उसके अनुसार रिफर्बिश्ड सामानों को मांग के अनुसार सहजता से उपलब्ध कराना।
  • सुरक्षित ट्रांजेक्शन मोड का इस्तेमाल बढ़ना और पुराने सामान का भी किश्तों में मिल जाना।
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