Dainik Bhaskar Brings you the latest Hindi News

शब-ए-बारात / पूर्वजों की याद में रातभर इबादत, दरगाहों, इमामबाड़ों और कब्रिस्तानों पर लोभान जलाकर फातिहा पढ़ा

Dainik Bhaskar

Apr 21, 2019, 11:18 AM IST

भोपाल। शब-ए-बारात के मौके पर कब्रगाहों पर जाकर पूर्वजों को याद किया गया। मजार पर इत्र व लोभान जलाकर फातिहा पढ़ा गया। कब्रिस्तान पर रोशनी कर पूर्वजों की याद में इबादत की गई। शनिवार को मस्जिदों, कब्रिस्तान में सूर्यास्त के बाद इबादत का दौर शुरू हो गया। घरों और मस्जिदों में भी नमाज अदा की गई। महिलाओं ने घरों में नमाज पढ़ी तो पुरुष सामूहिक नमाज में शामिल हुए। नमाज के बाद पूर्वजों की मजार पर मोमबत्ती, अगरबत्ती के साथ रोशनी की गई। यह सिलसिला सुबह तक जारी रहा। इस मौके पर विशेष पकवान (हलवा) बनाए गए। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने रतजगा कर इबादत करते हुए नमाज पढ़ी। पूर्वजों को श्रद्धांजलि देते हुए गुनाहों की माफी के लिए दुआ मांगी।


आॅल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के तत्वावधान में शब-ए-बारात अकीदत के साथ मनाया। रातभर मस्जिदों, दरगाहों, इमामबाड़ों, कब्रिस्तानों और प्राचीन करबला शरीफ पर बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोगों ने पूर्वजों की कब्रों पर दरूद फातिहा पढ़ा। इसके बाद मस्जिदों, मदरसों में कुरआन की तिलावत करते हुए नमाज अदा की। ये सिलसिला सुबह फजर की नमाज़ तक जारी रहा। शहर में विभिन्न जगहों पर तबर्रुक का भी इंतजाम किया गया था।


हर व्यक्ति की दुआ होती है कुबूल : आॅल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के चेयरमैन डाॅ. औसाफ शाहमीरी खुर्रम ने बताया कि रमज़ान से 15 दिन पहले शब-ए-बारात का त्योहार मनाया जाता है। यह इबादत की रात के साथ फैसलों की रात मानी जाती है। इस रात में अल्लाह हर व्यक्ति की दुआ को कुबूल करता है और उसके गुनाहों को माफ कर देता है। वहीं इस रात को व्यक्ति अल्लाह से जो भी मांगता है, उसे मिल जाता है। इस रात को फरिश्ते दुनिया के सभी लोगों का लेखा-जोखा अल्लाह के सामने पेश करते हैं, इस पर अल्लाह फैसले सुनाते हैं।

जरूरतमंदों के लिए लगाए गए लंगर : कमेटी के महासचिव काजी सैयद अनस अली ने बताया कि शब-ए-बारात के अवसर पर परंपरा के अनुसार इबादत के अलावा घरों में हलवा, खीर, मिठाई आदि पकवान बनाकर फातेहाख्वानी करके जरूरतमंदों और दिव्यांगाें को बांटा जाता है। उन्होंने बताया कि इस मौके पर कमेटी के सदस्यों ने झुग्गी बस्तियों में, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर मुसाफिरों और परदेसियों के लिए लंगर का भी इंतजाम किया।

Share
Next Story

भोपाल / घर से भागी छात्रा का एक महीने तक शारीरिक शोषण

Next

Dainik Bhaskar Brings you the latest Hindi News