Advertisement

Dainik Bhaskar Brings you the latest Hindi News

गणेश चतुर्थी/ गजकेसरी, इंद्र और स्थिर योग में होगी गणेश स्थापना, श्रीगणेश को चढ़ाएं दूर्वा और लगाएं लड्डू का भोग

Dainik Bhaskar | Sep 13, 2018, 02:43 PM IST
-- पूरी ख़बर पढ़ें --

रिलिजन डेस्क. भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को गणेश चतुर्थी पर्व मनाया जाता है। धर्म ग्रंथों के अनुसार,इसी तिथि पर भगवान श्रीगणेश का प्राकट्य हुआ था। इस दिन घर-घर में भगवान श्रीगणेश की प्रतिमा स्थापित की जाती है। इस बार ये पर्व 13 सितंबर, गुरुवार को है। इस दिन से 10 दिवसीय गणेश उत्सव की शुरूआत होगी जो 23 सितंबर को अनंत चतुर्दशी को गणेश विसर्जन के साथ समाप्त होगा।Advertisement

उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. प्रफुल्ल भट्ट के अनुसार, 13 सितंबर, गुरुवार को स्वाती नक्षत्र के संयोग से स्थिर नाम का शुभ योग बन रहा है। इस शुभ योग में गणपति स्थापना करने से स्थाई सुख और लक्ष्मी मिलेगी। चंद्रमा तुला राशि में देवगुरु बृहस्पति के साथ होने से गजकेसरी नाम का राजयोग बना रहा है। इसके साथ ही गणेशजी की स्थापना के समय इंद्र योग भी बन रहा है। भाद्रपद के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी पर शुभ दिवस, शुभ नक्षत्र, शुभ योग और शुभ वार होने से श्रीगणेश सभी तरह से शुभ फल देने वाले रहेंगे।

इस विधि से करें भगवान श्रीगणेश की स्थापना

  1. गणेश स्थापना के शुभ मुहूर्त

      सुबह 06:25 से 07:45 तक
    - सुबह 10:57 से दोपहर 12:15 तक
    - सुबह 11:20 से दोपहर 01:30 तक (श्रेष्ठ मुहूर्त)
    - दोपहर 01:31 से 03:15 तक
    - शाम 05:12 से 06:27 तक
     

    Advertisement