Advertisement

Dainik Bhaskar Brings you the latest Hindi News

पुलिस सुरक्षा के बीच बसपा नेता जिंदान का पैतृक गांव में हुअा अंतिम संस्कार

Bhaskar News Network | Sep 10, 2018, 02:11 AM IST

बसपा नेता केदार सिंह जिंदान का अंतिम संस्कार कड़ी सुरक्षा के बीच उनके पैतृक गांव पाब में किया गया। शिमला आईजीएमसी...

-- पूरी ख़बर पढ़ें --
बसपा नेता केदार सिंह जिंदान का अंतिम संस्कार कड़ी सुरक्षा के बीच उनके पैतृक गांव पाब में किया गया। शिमला आईजीएमसी में पोस्टमार्टम के पश्चात शव परिजनों को सौंपा गया जिसके बाद कड़ी सुरक्षा में शव को पैतृक गांव लाया गया। अंतिम संस्कार के दौरान किसी भी तरह का उपद्रव हो इसके चलते पुलिस ने सुरक्षा के कड़े प्रबंध कर दिए थे। नाहन से शव के साथ ही एसपी रोहित मालपानी, पांवटा साहिब के एसडीएम, डीएसपी पांवटा समेत पुलिस जवानों की एक टुकड़ी शिलाई के लिए रवाना हुई। दोपहर बाद केदार सिंह जिंदान का शव क्यारी गुंडाह पंचायत के पाब गांव में पहुंचा। जहां पर पहले से ही लोगों की भारी भीड़ जुटी हुई थी। जबकि शिमला से माकपा विधायक राकेश सिंघा भी शिलाई पहुंचे। अंतिम विदाई देने के लिए भारी जन सैलाब उमड़ा। स्थानीय क्षेत्र से ही नहीं बल्कि जिला स्तर की विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के पदाधिकारी व सदस्य भी अंतिम विदाई में शामिल हुए। देर शाम केदार सिंह जिंदान का परंपरा के साथ अंतिम संस्कार किया गया। कुलदीप तंवर, राकेश सिंघा, विश्वनाथ सिंह, अभय धामटा इस दौरान मौजूद रहे। उधर एसपी रोहित मालपानी ने मामले पर बताया कि हिरासत में लिए गए दोनो आरोपियों को 11 सितंबर तक 4 दिनों के लिए न्यायालय से पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।

राजपूत सभा के गठन के बाद बढ़ाई सुरक्षाः केदार सिंह जिंदान की हत्या के दूसरे ही दिन शिलाई में राजपूत सभा के गठन से मामला और संवेदनशील हो गया है। जिसके बाद सिरमौर प्रशासन ने मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी। अंतिम संस्कार में पुलिस जवानों की टुकड़ी के अलावा क्यूआरटी के जवान भी तैनात किए गए। यहां तक कि एसपी सहित जिले के कई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे।

शिलाई में कड़ी सुरक्षा के बीच जिदंान के शव को अंतिम संस्कार को ले जाया गया।

रिज पर शव रखकर प्रदर्शन, सरकार ने दिया २० लाख मुअावजा, प|ी को नौकरी का अाश्वासन

शिमला| सिरमौर में दलित नेता केदार सिंह जिंदान की मौत के बाद शिमला में खूब हंगामा हुआ। माकपा नेता व ठियोग के विधायक राकेश सिंघा समेत कई समर्थकों ने शनिवार की रात रिज मैदान पर उनके शव को रखकर प्रदर्शन किया। सुबह करीब 6 बजे शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज के साथ वार्ता के बाद सरकार ने उनकी सभी मांगें मानने का आश्वासन दिया तो उसके बाद ही शव को रिज से उठाया गया। विस्तृत पेज २ पर

अारोपियों को सजा के बाद ही मिलेगा सुकूनः केदार सिंह जिंदान की प|ी हेमलता, बेटियां वंशिका ओर दीक्षिता ने नम आंखों से बताया कि प्रदेश सरकार ने भले ही उन्हें मुआवजा देने के साथ स्कूल का सारा खर्चा उठाने की बात कही हो। लेकिन उनके दिल को सुकून तब तक नहीं मिलेगा जब तक आरोपियों को सजा नहीं मिल जाती है।